जशपुरनगर। आज 1 जनवरी को पुलिस के द्वारा सडक़ दर्घनाओं व उनके कारण होने वाली मृत्यु की दरों में कमी लाने हेतु, आम नागरिकों को यातायात नियमों की महत्ता व उनके पालन हेतु जागरूक करने के उद्देश्य से, भारत सरकार के परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय (रोड सेफ्टी) एवं पुलिस मुख्यालय रायपुर के निर्देशानुसार,पुलिस अनुविभागीय अधिकारी कार्यालय जशपुर के प्रांगण में कलेक्टर जशपुर रोहित व्यास की अध्यक्षता,मुख्य अतिथि विधायक जशपुर श्रीमती रायमुनि भगत, व विशिष्ट अतिथि नगर पालिका अध्यक्ष अरविंद भगत की उपस्थिति में, 1 जनवरी से 31 जनवरी तक चलने वाले जशपुर 36 वाँ राष्ट्रीय सडक़ सुरक्षा माह का शुभारंभ किया गया।
कार्यक्रम के दौरान मुख्य अतिथि श्रीमती रायमुनि भगत ( विधायक जशपुर) के द्वारा अपने संबोधन में यातायात नियमों का सख्ती से पालन करने व मुख्यत: नशे में वाहन न चलाने की अपील की गई और बताया गया कि नशे में वाहन चलाने पर, सडक़ दुर्घटनाएं होने की प्रबल संभावनाएं रहती है, आपकी गलती से स्वयं की जान का खतरा तो रहता ही है, सामने वाले का भी परिवार उझड़ सकता है, अत: यातायात नियमों का पालन करें, खुद को, साथ ही दूसरों को भी सुरक्षित रखें। विशिष्ट अतिथि रोहित व्यास, कलेक्टर जशपुर ने अपने वक्तव्य में कहा कि सडक़ दर्घनाओं से बचाव हेतु, यातायात नियमों का पालन अनिवार्यत: है, जशपुर प्रशासन व पुलिस की टीम लगातार आम नागरिकों को यातायात नियमों के पालन के प्रति जागरूक कर रही है, यातायात नियमों के प्रति जागरूक करने हेतु, जिले में 222 सडक़ सुरक्षा मितानो को प्रशिक्षित किया गया है, जिनके द्वारा लोगों के मध्य जाकर उन्हें, यातायात नियमों के प्रति जागरूक किया जा रहा है, साथ ही दुर्घटनाओं के दौरान प्राथमिक उपचार के संबंध में भी जागरूक किया जा रहा है। कलेक्टर ने, गोल्डल आवर, राहगीर योजना (गुड सेमेरिटन) के संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि, किसी भी सडक़ दर्घनाओं में एक घंटे का समय, घायलों की जान बचाने हेतु काफी महत्वपूर्ण होता है, कहीं भी दुर्घटना होने पर गुड सेमेरिटन, अच्छे राहगीर होने का परिचय दे, भागे नहीं, घायलों की मदद करे, निकटतम हॉस्पिटल व पुलिस को सूचित करे, किसी भी प्रकार की कानूनी कार्यवाही में उनका नाम नहीं आएगा, व अच्छे राहगीर को पुरस्कृत भी किया जाएगा।
कार्यकम में उपस्थित अतिथि अरविंद भगत (अध्यक्ष नगर पालिका जशपुर) के द्वारा भी उपस्थित छात्र छात्राओं व गणमान्य नागरिकों को संबोधित करते हुए, यातायात नियमों का पालन करने व अपने परिजनों को भी यातायात नियमों के पालन करने हेतु प्रेरित करने की अपील की गई, जिससे कि सडक़ दर्घनाओं में कमी लाई जा सके। कार्यक्रम के दौरान वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जशपुर शशि मोहन सिंह के द्वारा सडक़ दर्घनाओं के कारणों के संबंध जानकारी देते हुए बताया गया कि, अधिकांश सडक़ दुर्घटनाएं व दुर्घटनाओं के कारण मृत्यु, यातायात नियमों की अनदेखी के कारण होती हैं, आमतौर पर लोग दो पहिया वाहनों में हेलमेट नहीं पहनते हैं,चारपहिया वाहनों में सीट बेल्ट नहीं लगाते हैं, जिससे कि दुर्घटना हो जाने पर उन्हें अधिक नुकसान होने की संभावना रहती है, यहां तक कि सुरक्षा की अनदेखी से मृत्यु भी हो सकती है, वहीं तीन सवारी चलना, तेज रफ्तार में वाहनों को चलाना, नशे की हालत में वाहन चलाना ये सभी सडक़ दर्घनाओं के मुख्य कारण हैं, जिससे कि आप खुद की व दूसरों की जिंदगी भी खतरे में डाल सकते हैं,। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बताया कि जशपुर पुलिस व प्रशासन के द्वारा सडक़ दर्घनाओं व मृत्यु दरों में कमी लाने हेतु ट्रिपल ई (श्वश्वश्व) मैथड में कार्य किया जा रहा है। जिसमें प्रथम ई (श्व) का मतलब इंजीनियरिंग है, जिसमें की एक ही जगह पर हो रही, नियमित सडक़ दुर्घटनाओं को देखते हुए, दुर्घटनाओं के कारणों का पता लगाया जाता है, यदि सडक़ की बनावट इत्यादि में कमी हो तो उसमें सुधार किया जाता है, व साइन बोर्ड इत्यादि को लगाया जाता है, दूसरी ‘ई’ का मतलब है एजुकेशन जिसमें आम नागरिकों को यातायात नियमों के पालन संबंध के संबंध में, बाजार हाटों, स्कूल कालेजों इत्यादि जगहों पर जाकर, विभिन्न कार्यक्रमों के माध्यम से छात्र छात्राओं, तथा आम नागरिकों को यातायात नियमों की महत्ता व नियमों का पालन न करने पर होने वाली हानि के संबंध में जागरूक किया जाता है। तीसरी ई(श्व) का मतलब है, इंफोर्समेंट अर्थात यातयात नियमों का पालन नहीं करने पर, चालानी कार्यवाही करना, जिससे कि लोग यातायात नियमों के पालन के प्रति सजग रहें। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के द्वारा सडक़ दर्घनाओं के संबंध में तुलनात्मक आंकड़े देते हुए बताया गया कि जशपुर पुलिस की जागरूकता अभियान व सख्त कार्यवाही से वर्ष 2024 के तुलना में वर्ष 2025 में सडक़ दर्घनाओं व दुर्घटनाओं के कारण मृत्यु दर में 09 प्रतिशत की कमी आई है। जशपुर पुलिस के द्वारा सडक़ दर्घनाओं के मुख्य कारणों में से एक, नशे में वाहन चलाने वालों पर सख्त कार्यवाही करते हुए संपूर्ण जिले में वर्ष 2025 में कुल 326 प्रकरणों में 31लाख 75 हजार रुपए का जुर्माना राशि भरवाया गया है, वहीं ओवर स्पीड, बिना हेलमेट, बिना सीट बेल्ट, ओवर लोडिंग, नो पार्किंग जैसे अन्य यातायात नियमों के उल्लंघन पर कुल 19824 प्रकरणों में कुल राशि 46 लाख 11 हजार 900रु का चालान काटा गया है। यातायात नियमों के प्रति जागरूकता लाने हेतु जहां जशपुर पुलिस के द्वारा विभिन्न जागरूकता कार्यक्रम चलाया जा रहा है, वहीं नियमों के उल्लंघन पर वैधानिक कार्यवाही भी की जा रही है, जिससे कि लोग यातायात नियमों के पालन के प्रति सजग रहे।
36 वाँ सडक़ सुरक्षा माह के दौरान जशपुर पुलिस के द्वारा, आम नागरिकों में यातायात जागरूकता लाने हेतु, हेलमेट/सीट बेल्ट जागरूकता रैली, विद्यालयों/महाविद्यालयों में जागरूकता कार्यक्रम, सडक़ सुरक्षा संबंधी लघु फिल्मों का प्रदर्शन, गंभीर सडक़ दुर्घटनाजन्य क्षेत्रों में जाकर राहगीरों को जागरूक करना, नगरीय निकाय, ग्राम पंचायतों में जाकर चौपाल, नुक्कड़ नाटक इत्यादि का आयोजन किया जावेगा, साथ ही पुलिस के द्वारा रक्त दान शिविर का भी आयोजन किया जायेगा। कार्यक्रम के दौरान अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक जशपुर अनिल कुमार सोनी, डी एस पी मंजू लता बाज, आशा तिर्की, रक्षित निरीक्षक जशपुर अमरजीत खूंटे, प्रभारी सिटी कोतवाली जशपुर निरीक्षक मोरध्वज देशमुख, यातायात प्रभारी उप निरीक्षक प्रदीप मिश्रा, पत्रकार गण सहित 400 की संख्या में विद्यालयीन छात्र छात्राएं व गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
36 वाँ राष्ट्रीय सडक़ सुरक्षा माह का किया गया शुभारंभ
यातायात नियमों के पालन के प्रति लोगों को करेंगे जागरूक



