जशपुर/नारायणपुर। सुबह की साधारण दिनचर्या कब आखिरी सफर बन जाएगी, यह किसी ने नहीं सोचा था। नारायणपुर थाना क्षेत्र के बिलासपुर कुसुमडार गांव में कल गुरुवार की सुबह उस वक्त मातम में बदल गई, जब दातुन तोडऩे जंगल गए 83 वर्षीय बुजुर्ग बुधनाथ राम चौहान को जंगली हाथी ने बेरहमी से कुचलकर मौत के घाट उतार दिया। घटना के बाद पूरे गांव में सन्नाटा और दहशत का माहौल है।
प्राप्त आधिकारिक जानकारी के अनुसार, कुनकुरी रेंज क्षेत्र अंतर्गत ग्राम बिलासपुर कुसुमडार निवासी बुधनाथ राम चौहान (83 वर्ष) कल गुरुवार की सुबह करीब 10 बजे अपने घर से दातुन तोडऩे के लिए निकले थे। वे बेलजोरा नाला पार कर महज 800 मीटर दूर स्थित गिद्दाबहार जंगल पहुंचे थे, जहां पहले से ही दो जंगली हाथी विचरण कर रहे थे।
बताया जा रहा है कि जैसे ही बुजुर्ग दातुन तोडऩे में व्यस्त थे, अचानक उनका सामना हाथियों से हो गया। हाथियों को सामने देख जान बचाकर भागने का प्रयास करने लगा,लेकिन उम्रदराज होने के कारण बुधनाथ राम चौहान तेज़ी से भाग नहीं सके। इसी बीच एक हाथी ने उन्हें अपनी सूंड से जकड़ लिया और जोर से पटक दिया। गंभीर चोट लगने के कारण उनकी मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। इस हृदयविदारक घटना ने पूरे गांव को झकझोर कर रख दिया है। घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग ओर पुलिस की टीम तत्काल मौके पर पहुंची और आवश्यक कार्रवाई करते हुए शव को कुनकुरी अस्पताल भेजा गया, जहां पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी की गई। इसके बाद शव को अंतिम संस्कार हेतु परिजनों को सौंप दिया गया। वन विभाग द्वारा मृतक के परिजनों को तत्काल राहत के रूप में 25 हजार रुपये की सहायता राशि प्रदान की गई है। वहीं विभाग की टीम लगातार इलाके में निगरानी बनाए हुए है।
जिस स्थान पर यह दर्दनाक हादसा हुआ है, वहां अब भी दो जंगली हाथियों की मौजूदगी बताई जा रही है। इसे देखते हुए वन विभाग ने गांव में मुनादी कर लोगों को उस क्षेत्र में जाने से सख्ती से मना किया है। ग्रामीणों से अपील की गई है कि वे जंगल की ओर अकेले न जाएं, सतर्क रहें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि या जंगली जानवर की सूचना तुरंत वन विभाग को दें। कल सुबह 10 बजे की घटना है समीप के नाला में नहाने गया उससे पहले दातुन के लिए नाला किनारे जंगल मे गया था जंहा उसका सामना हाथी से हो गया ओर हाथी ने सूंड़ से पटक कर जान ले लिया, शव को पीएम कराकर परिवार को सुपुर्द कर दिया गया है।



