रायगढ़। बलसाड़-पुरी एक्स. में सफर कर रहे एक युवक के लैपटाप, शौक्षणिक प्रमाण पत्र तथा प्रतियोगी परीक्षा की तैयारियों से जुड़ी नोट्स को अज्ञात चोरों ने चोरी कर लिया है। युवक के रिपोर्ट पर जीआरपी ने अज्ञात चोरों के खिलाफ अपराध दर्ज कर मामले की विवेचना शुरू कर दी है।
इस संंबंध में मिली जानकारी के अनुसार मध्यप्रदेश के शहडोल जिला अंतर्गत जैतपुर निवासी बालकृष्ण द्विवेदी विगत 19 जून 2026 को ट्रेन संख्या 22909 बलसाड़-पुरी एक्सप्रेस में शहडोल से तालचेर रोड के लिए ट्रेन के जनरल बोगी में बैठकर यात्रा कर रहा था। इस दौरान बोगी में अधिक भीड़ होने पर जब ट्रेन बिलासपुर स्टेशन पहुंची तो बालकृष्ण ने अत्यधिक भीड़ को देखते हुए बिलासपुर से स्लीपर कोच के एस-4 में आया गया और एस-4 कोच की अपर बर्थ नंबर 16 पर अपना पीले और नीले रंग का बैग रख कर स्वयं साइड लोअर बर्थ नंबर 15 पर बैठकर पढ़ाई करने लगा। ऐसे में जब ट्रेन रायगढ़ स्टेशन पहंचने वाली थी, तो 10-15 मिनट पहले तक उसका बैग अपनी जगह पर सुरक्षित था, ट्रेन रात करीब 1.07 बजे रायगढ़ स्टेशन पहुंची और करीब 1.16 बजे रवाना हुई, इसके बाद जब उन्होंने कुछ समय बाद बैग की ओर देखा तो गायब था। इससे युवक ने अपनी बैग को कोच में काफी खोजबीन किया, लेकिन कहीं पता नहीं चला। इससे आशंका जताई कि किसी अज्ञात व्यक्ति ने उसका बैग चोरी कर लिया है। साथ ही इस दौरान जब उसने एक महिला यात्री से पूछा तो उसने बताई कि बैग के स्थान पर एक टी-शर्ट पहना एक मोटा व्यक्ति बैठा हुआ था, जिस पर उसे संदेह है। ऐसे में पीडि़त बालकृष्ण ने तत्काल अपने बड़े भाई लक्ष्मण कुमार शर्मा जो महानदी कोलफील्ड्स लिमिटेड में सर्वेयर को घटना के बारे में बताया, जिससे उसके द्वारा तत्काल रेल मदद पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई गई थी। जिससे रेलवे पुलिस ने इस मामले में अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
ये सामान हुए चोरी
चोरी हुए सामानों में एचपी विक्टस लैपटॉप (अनुमानित कीमत 65 हजार रुपये), मूल दस्तावेज, शैक्षणिक एवं व्यक्तिगत प्रमाण पत्र, माइनिंग सर्वे विषय के एक वर्ष की मेहनत से तैयार हस्तलिखित नोट्स, प्रतियोगी परीक्षाओं की अध्ययन सामग्री तथा अन्य आवश्यक सामान शामिल हैं।
अगले माह होना है परीक्षा
पीडि़त बालकृष्ण ने अपने आवेदन में बताया कि वह आगामी 2 जुलाई को आयोजित होने वाली एसईसीएल भर्ती परीक्षा की तैयारी कर रहा है और परीक्षा से संबंधित महत्वपूर्ण अध्ययन सामग्री भी उसी बैग में रखी हुई थी। बैग चोरी होने से उन्हें आर्थिक नुकसान के साथ-साथ शैक्षणिक और व्यावसायिक नुकसान हुआ है।



