रायगढ़. त्योहारी सीजन में यात्री ट्रेनों का परिचालन में सुधार नहीं होने से इन दिनों सफर करने वाले यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में मंगलवार को हावड़ा से आने वाली लगभग सभी ट्रेनें घंटों लेट से रायगढ़ पहुंची थी, जिसमें सबसे ज्यादा लेट आजाद हिंद एक्सप्रेस 5 घंटा तो उत्कल एक्सप्रेस 6 घंटा देरी से रायगढ़ पहुंची थी।
उल्लेखनीय है कि विगत लंबे समय से अलग-अलग स्टेशनों में चल रहे लाइन निर्माण व अन्य कार्य के चलते सबसे ज्यादा असर यात्री टे्रेनों पर पड़ रहा है, जिसके चलते रेलवे विभाग द्वारा गंतब्य स्थान से ही ट्रेनों को लेट से छोड़ रही है, जिससे अप व डाउन दोनों दिशा की ट्रेनों पर इसका असर पड़ रहा है। यही कारण है कि रायगढ़ तक पहुंचने में घंटो विलंब हो जा रही है। साथ ही अब त्यौहारी सीजन भी चालू हो गया है, जिससे लोगों का आना-जाना शुरू होने से ट्रेनों में भीड़ बढ गई है, वहीं यात्रियों की मानें तो अब लगातार नवंबर तक कोई न कोई त्यौहार रहेगा, जिससे लगातार आना-जाना लगे रहेगा। ऐसे में अगर लंबी दूरी के ट्रेनों की चाल में सुधार नहीं हुआ तो काफी समस्या का सामना करना पड़ेगा।
दोनों दिशा की ट्रेने रही लेट
मंगलवार को अप व डाउन दोनों दिशा की ट्रेने लेट से पहुंची थी, जिससे सुबह से ही स्टेशन में यात्रियों की भीड़ लगी रही, हालंाकि डाउन दिशा की ट्रेने एक-दो घंटा लेट होने से इधर के यात्रियों को ज्यादा दिक्कत नहीं हुई, लेकिन अप दिशा की लगभग सभी ट्रेने घंटों विलंब से पहुंची थी, जिसमें प्रमुख रूप से पुरी से चलने वाली पुरी-ऋषिकेश उत्कल एक्सप्रेस का रायगढ़ में सुबह करीब 11.30 बजे का समय है, लेकिन यह ट्रेन 6 घंटा देरी से शाम करीब 5 बजे पहुंची थी। इसी तरह हावड़ा-अहमदाबाद एक्सप्रेस करीब तीन घंटा देरी से सुबह 11.30 बजे पहुंची। वहीं हावड़ा-मुंबई आजाद हिंद एक्सप्रेस पांच घंटा देरी से दोपहर 12.30 बजे पहुंची थी। इसी तरह बिलासपुर एक्सप्रेस का समय रात 3.30 बजे है, जो सुबह 5.30 बजे पहुंची थी। मुंबई एलटीटी का समय रात 11.43 बजे है, जो 4.45 बजे पहुंची, हावड़ा-मुंबई गीतांजली एक्सप्रेस भी देर रात करीब डेढ़ पहुंची थी। इसी तरह आरा-दुर्ग साउथ बिहार एक्सप्रेस एक घंटा देरी से पहुंची। वहीं डाउन दिशा से आने वाली दुर्ग-आरा साउथ बिहार एक्सप्रेस एक घंटा तो ऋषिकेश-पुरी उत्कल एक्सप्रेस करीब तीन घंटा देरी से रायगढ़ पहुंची।
महिला व बच्चे ज्यादा परेशान
ट्रेनों के लेट-लतीफी के चलते महिला, बच्चे व बुजुर्गोँ को ज्यादा समस्या हो रही है। हालांकि यह समस्या विगत कई माह से बनी हुई है, ऐसे में अब यह सवाल उठने लगा है कि समस्या कम दूर होगी। साथ ही स्टेशन में मुलभुत समस्याएं भी बनी हुई है, जिसके चलते ट्रेन के इंतजार करने वाले यात्रियों को ज्यादा दिक्कत हो रही है। ऐसे में अगर शौचालय व यात्री प्रतिक्षालय तैयार हो जाता तो कुछ हद तक राहत मिल जाती।



