NavinKadamNavinKadamNavinKadam
  • HOME
  • छत्तीसगढ़
    • रायगढ़
      • खरसिया
      • पुसौर
      • धरमजयगढ़
    • सारंगढ़
      • बरमकेला
      • बिलाईगढ़
      • भटगांव
    • शक्ति
    • जांजगीर चांपा
    • बिलासपुर
  • क्राइम
  • आम मुद्दे
  • टेक्नोलॉजी
  • देश-विदेश
  • राजनीति
  • व्यवसाय
  • Uncategorized
Reading: जशपुरांचल के बच्चों को मिलेगा फोन आधारित गणितीय मार्गदर्शन
Share
Font ResizerAa
NavinKadamNavinKadam
Font ResizerAa
  • HOME
  • छत्तीसगढ़
  • क्राइम
  • आम मुद्दे
  • टेक्नोलॉजी
  • देश-विदेश
  • राजनीति
  • व्यवसाय
  • Uncategorized
  • HOME
  • छत्तीसगढ़
    • रायगढ़
    • सारंगढ़
    • शक्ति
    • जांजगीर चांपा
    • बिलासपुर
  • क्राइम
  • आम मुद्दे
  • टेक्नोलॉजी
  • देश-विदेश
  • राजनीति
  • व्यवसाय
  • Uncategorized
Follow US
  • Advertise
© 2022 Navin Kadam News Network. . All Rights Reserved.
NavinKadam > जशपुरनगर > जशपुरांचल के बच्चों को मिलेगा फोन आधारित गणितीय मार्गदर्शन
जशपुरनगर

जशपुरांचल के बच्चों को मिलेगा फोन आधारित गणितीय मार्गदर्शन

सीएम साय ने किया नवाचारी पहल ‘जश लर्न’ का शुभारंभ मुख्यमंत्री ने पूछा क्या क्या सीखे हो, छात्रा ने कहा 20 तक पहाड़ा याद है

lochan Gupta
Last updated: June 21, 2026 12:45 am
By lochan Gupta June 21, 2026
Share
7 Min Read

जशपुरनगर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने विगत दिवस अपने निज निवास बगिया से जशपुर जिले की अभिनव शैक्षणिक पहल ‘जश लर्न’ का जिला स्तरीय शुभारंभ किया। फरसाबहार विकासखंड में सफल पायलट परियोजना के रूप में संचालित इस कार्यक्रम को अब जिले के सभी विकासखंडों में विस्तार दिया जाएगा। कार्यक्रम का उद्देश्य प्राथमिक कक्षाओं के विद्यार्थियों की आधारभूत गणितीय दक्षताओं को मजबूत बनाना तथा सीखने की प्रक्रिया में शिक्षक, पालक और विद्यार्थियों की सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित करना है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री साय ने जश लर्न प्रोजेक्ट के माध्यम से अपनी गणितीय क्षमता में वृद्धि किए बच्चों से बात कर पढ़ाई की गुणवत्ता में हुए सुधार की जानकारी ली। इस अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि शिक्षा किसी भी समाज और राष्ट्र के विकास की सबसे मजबूत आधारशिला है। उन्होंने कहा कि आधुनिक तकनीक और सामुदायिक सहभागिता के माध्यम से बच्चों तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पहुंचाने का यह प्रयास अत्यंत सराहनीय है। मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि ‘जश लर्न’ कार्यक्रम बच्चों के सीखने के स्तर में सुधार लाने के साथ-साथ उनमें आत्मविश्वास और गणितीय दक्षता विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने कहा कि जब शिक्षक, पालक और विद्यार्थी एक साथ जुडक़र कार्य करते हैं, तब शिक्षा के परिणाम और अधिक प्रभावी होते हैं। इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष सालिक साय, कलेक्टर रोहित व्यास, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत अभिषेक कुमार, वनमंडलाधिकारी शशि कुमार, जिला शिक्षा अधिकारी नरेंद्र सिन्हा, बीईओ फरसाबहार दुर्गेश देवांगन, शिक्षा विभाग के अधिकारी-कर्मचारी, डाइट जशपुर के प्रशिक्षु विद्यार्थी, पालकगण तथा अन्य नागरिकगण मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कार्यक्रम में उपस्थित विद्यार्थियों वंदना यादव, नव्यता यादव, आयुषी तिर्की एवं कुसुम डडसेना से भी आत्मीय संवाद किया। उन्होंने बच्चों से पूछा कि ‘जश लर्न’ कार्यक्रम के माध्यम से उन्होंने क्या-क्या सीखा और इससे उन्हें किस प्रकार लाभ मिला। ग्राम झारमुंडा की रहने वाली कक्षा 5वीं की छात्रा नव्यता यादव एवं धनपुर की कक्षा 5वीं की छात्रा वंदना यादव ने उत्साहपूर्वक बताया कि नियमित फोन आधारित मार्गदर्शन और अभ्यास से उन्हें जोड़, घटाव, गुणा और भाग जैसी गणितीय संक्रियाएं अच्छी तरह समझ में आने लगी हैं तथा अब वे गणित के प्रश्न अधिक आत्मविश्वास के साथ हल कर पा रहे हैं। नव्यता ने बताया कि उन्हें अब 20 तक पहाड़ा आ जाता है। पहले गणित में झिझक होती थी अब सीख कर अच्छा लगता है।
बच्चों के अनुभव सुनकर मुख्यमंत्री ने प्रसन्नता व्यक्त की और कहा कि शिक्षा में तकनीक, शिक्षक और अभिभावकों की संयुक्त सहभागिता से सीखने के बेहतर परिणाम प्राप्त किए जा सकते हैं। उन्होंने कहा कि ‘जश लर्न’ जैसे नवाचार बच्चों में आत्मविश्वास बढ़ाने के साथ-साथ उनकी शैक्षणिक नींव को भी मजबूत बना रहे हैं।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने ‘जश लर्न’ कार्यक्रम से जुड़े डाइट जशपुर के प्रथम वर्ष के उन छात्र-शिक्षकों को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया, जिन्होंने मोबाइल आधारित शिक्षण के माध्यम से बच्चों की गणितीय दक्षता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। मुख्यमंत्री ने उनके प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि यह पहल शिक्षा के क्षेत्र में नवाचार का उत्कृष्ट उदाहरण है, जहां भावी शिक्षक समाज के बच्चों को सीखने में सहयोग प्रदान कर रहे हैं।
260 विद्यार्थियों को मिला लाभ, 75 प्रतिशत बच्चों ने हासिल की सफलता
पायलट प्रोजेक्ट के अंतर्गत डाइट जशपुर के 90 प्रशिक्षु छात्र-शिक्षकों ने फरसाबहार विकासखंड के 260 विद्यार्थियों को मोबाइल आधारित शिक्षण सहायता प्रदान की। कार्यक्रम के परिणाम अत्यंत सकारात्मक रहे और लगभग 75 प्रतिशत विद्यार्थियों ने जोड़, गुणा, भाग एवं अन्य मूलभूत गणितीय संक्रियाओं में सफलता पूर्वक दक्षता प्राप्त की। बच्चों की गणितीय समझ, सीखने की गति तथा आत्मविश्वास में उल्लेखनीय सुधार दर्ज किया गया।
जिले के सभी विकास खंडों में होगा विस्तार
पायलट प्रोजेक्ट की सफलता को देखते हुए जिला प्रशासन ने ‘जश लर्न’ कार्यक्रम को जिले के सभी विकास खंडों में संचालित करने का निर्णय लिया है। इसके लिए सभी सीएसी को विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा, ताकि कार्यक्रम का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जा सके। कार्यक्रम का मूल उद्देश्य प्रत्येक बच्चे तक सीखने का अवसर पहुंचाना, उसकी बुनियादी गणितीय क्षमताओं को मजबूत बनाना और शिक्षा में सामुदायिक भागीदारी को बढ़ावा देना है। ‘साथ मिलकर सीखें, आगे बढ़ें’ की भावना पर आधारित यह पहल जशपुर जिले में शिक्षा के क्षेत्र में एक नवाचारपूर्ण और प्रेरणादायक मॉडल के रूप में उभर रही है। ‘जश लर्न’ कार्यक्रम के माध्यम से जिले के हजारों विद्यार्थियों को लाभ मिलेगा तथा उनकी आधारभूत शैक्षणिक दक्षताओं को मजबूत कर गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लक्ष्य को और अधिक प्रभावी बनाया जा सकेगा।
फरसाबहार में मिला उत्साहजनक परिणाम
जिला प्रशासन जशपुर द्वारा यूथ इम्पैक्ट संस्था के सहयोग से फरसाबहार विकासखंड में ‘जश लर्न’ कार्यक्रम पायलट प्रोजेक्ट के रूप में संचालित किया गया था। कार्यक्रम के तहत कक्षा तीसरी एवं चौथी के चयनित विद्यार्थियों को डाइट जशपुर के छात्र-अध्यापकों द्वारा नियमित रूप से मोबाइल फोन के माध्यम से शैक्षणिक सहयोग प्रदान किया गया। इस दौरान विद्यार्थियों की जोड़, घटाव, गुणा और भाग जैसी मूलभूत गणितीय क्रियाओं में दक्षता का आकलन किया गया। जिन बच्चों को किसी विशेष गणितीय अवधारणा में कठिनाई थी, उन्हें चरणबद्ध तरीके से सरल भाषा में नियमित मार्गदर्शन और अभ्यास कराया गया। कार्यक्रम में अभिभावकों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की गई, जिससे बच्चों की पढ़ाई घर पर भी निरंतर जारी रही है। डाइट जशपुर की प्रशिक्षु छात्रा सृष्टि ने बताया कि अप्रैल 2026 से शुरू हुए पायलट प्रोजेक्ट अंतर्गत गणित में कमजोर बच्चों को उनके अभिभावक की मौजूदगी में फोन कॉल कर मूल गणितीय कौशल सिखाने में मदद करते है। इससे स्कूल के अलावा बच्चों को मोबाइल कॉल से घर में ही सीखने का अवसर मिला। जिससे बच्चे गणित विषय में अपनी क्षमता का विकास कर रहे है।

You Might Also Like

सीएम साय ने बगिया में अन्वेषण कार्यक्रम का किया अवलोकन

विकासखंड स्तरीय शाला प्रवेश उत्सव संपन्न

पुलिस ने निकाली ऑटो चालकों के साथ यातायात जागरूकता रैली

तीन दिवसीय हॉकी प्रतियोगिता का विधायक ने किया शुभारंभ

चरित्र शंका पर पत्नी को मौत के घाट उतारने वाला पति गिरफ्तार

Share This Article
Facebook Twitter Whatsapp Whatsapp Telegram Email
Previous Article 2 लाख रुपये की उठाईगिरी कर खरीदी अपाचे बाइक

खबरें और भी है....

जशपुरांचल के बच्चों को मिलेगा फोन आधारित गणितीय मार्गदर्शन
2 लाख रुपये की उठाईगिरी कर खरीदी अपाचे बाइक
नीट यूजी की परीक्षा आज, प्रशासन सतर्क
उत्कल 14 घंटा तो शालीमार-इतवारी 7 घंटा देरी से पहुंची रायगढ़
लिनेस क्लब प्रगति के सदस्य पहुंचे मेडिकल कॉलेज

Popular Posts

डेंगू से निपटने निगम और स्वास्थ्य की टीम फील्ड पर,पिछले 5 साल के मुकाबले इस साल केसेस कम, फिर भी सतर्कता जरूरी
जहां रकबे में हुई है वृद्धि पटवारियों से करवायें सत्यापन-कलेक्टर श्रीमती रानू साहू,मांग अनुसार बारदाना उपलब्ध कराने के निर्देश
जशपुरांचल के बच्चों को मिलेगा फोन आधारित गणितीय मार्गदर्शन
मेगा हेल्थ कैंप का मिला फायदा, गंभीर एनीमिया से पीड़ित निर्मला को तुरंत मिला इलाज
स्कूल व आंगनबाड़ी के बच्चों का शत-प्रतिशत जारी करें जाति प्रमाण पत्र,कलेक्टर श्रीमती रानू साहू ने बैठक लेकर राजस्व विभाग की कामकाज की समीक्षा

OWNER/PUBLISHER-NAVIN SHARMA

OFFICE ADDRESS
Navin Kadam Office Mini Stadium Complex Shop No.42 Chakradhar Nagar Raigarh Chhattisgarh
CALL INFORMATION
+91 8770613603
+919399276827
Navin_kadam@yahoo.com
©NavinKadam@2022 All Rights Reserved. WEBSITE DESIGN BY ASHWANI SAHU 9770597735
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?