रायगढ़। विश्व हिंदू परिषद (विहिप) द्वारा आयोजित ‘प्रबुद्ध जनों से भेंट’ कार्यक्रम में विहिप के अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष आलोक कुमार जी ने समाज को संगठित करने तथा नई पीढ़ी को संस्कारों से जोडऩे का आह्वान किया। रायगढ़ के मरीन ड्राइव स्थित विहिप कार्यालय में आयोजित इस कार्यक्रम में शहर के अनेक प्रबुद्ध नागरिक उपस्थित रहे।
अपने उद्बोधन में आलोक कुमार ने सामाजिक समरसता और धार्मिक शिक्षा पर विशेष बल दिया। उन्होंने कहा कि ईश्वर और प्रकृति के प्रति प्रेम व समर्पण ही हमारी सुसंस्कृति की आधारशिला है। यदि हम चाहते हैं कि आने वाली पीढ़ी संस्कारी और धर्मनिष्ठ बने, तो इसकी शुरुआत घर की छोटी-छोटी आदतों से करनी होगी।
अपने बच्चों की दिनचर्या में तुलसी के पौधे में जल अर्पित करना और पहली रोटी गाय को खिलाना जैसे सेवा कार्यों को शामिल करें। यही छोटे-छोटे प्रयास एक सशक्त और संस्कारी सनातन संस्कृति के निर्माण का मार्ग प्रशस्त करेंगे।
आलोक कुमार ने कहा कि संगठन का उद्देश्य केवल लोगों को एकत्रित करना नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक वर्ग को एक सूत्र में पिरोना है। उन्होंने सामाजिक समरसता को वर्तमान समय की सबसे बड़ी आवश्यकता बताते हुए कहा कि धर्म की शिक्षा ही हमें भेदभाव से ऊपर उठकर राष्ट्र सेवा के लिए प्रेरित करती है।
छत्तीसगढ़ में हो रहे धर्मांतरण के मामलों पर चिंता व्यक्त करते हुए आलोक कुमार ने समाज से एकजुट होकर इसका सामना करने का आह्वान किया। मीडिया से चर्चा के दौरान उन्होंने छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा बनाए गए धर्मांतरण विरोधी कानून की सराहना करते हुए कहा कि यह देश के विभिन्न राज्यों में बने ऐसे कानूनों में सर्वोत्तम है। उन्होंने मांग की कि इस प्रकार का कानून पूरे भारत में लागू किया जाना चाहिए।
कार्यक्रम में विश्व हिंदू परिषद के क्षेत्रीय संगठन मंत्री जितेंद्र पवार की भी विशेष उपस्थिति रही। उन्होंने कार्यक्रम की अध्यक्षता की।
इस अवसर पर तुरंगा गुरुकुल के संस्थापक एवं धर्माचार्य आचार्य राकेश भी उपस्थित रहे। उन्होंने अपने संबोधन में कहा “सनातन संस्कृति के मूल सिद्धांतों को बच्चों के जीवन में उतारना ही वास्तव में भविष्य की नींव को मजबूत करना है।
कार्यक्रम में शहर के अधिवक्ता, चिकित्सक, चार्टर्ड अकाउंटेंट, उद्योगपति, शिक्षक, समाजसेवी एवं कला जगत से जुड़ी अनेक हस्तियों सहित विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रमुख नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। सभी ने विश्व हिंदू परिषद द्वारा जिले में किए जा रहे कार्यों की सराहना करते हुए सहयोग का आश्वासन दिया।
बच्चों में सेवा भाव व संस्कार ही सनातन संस्कृति का आधार – आलोक कुमार
प्रबुद्ध जनों से भेंट की विहिप के अंतराष्ट्रीय अध्यक्ष ने



