जशपुरनगर। छत्तीसगढ़ टीचर्स एसोसिएशन, जिला जशपुर ने शिक्षकों के लंबित सेवा एवं पेंशन संबंधी मुद्दों को लेकर शासन का ध्यान आकर्षित करते हुए एक विस्तृत ज्ञापन प्रस्तुत किया है। यह ज्ञापन माननीय मुख्यमंत्री, शिक्षा मंत्री, वित्त मंत्री, शिक्षा सचिव एवं लोक शिक्षण संचालनालय को संबोधित करते हुए जिला प्रशासन के माध्यम से भेजा गया। संगठन ने इसे शिक्षकों के अधिकारों और सम्मान से जुड़ा महत्वपूर्ण विषय बताते हुए शीघ्र सकारात्मक निर्णय की अपेक्षा जताई है। इस संबंध में जिलाध्यक्ष अनिल श्रीवास्तव ने बताया कि ज्ञापन में माननीय उच्च न्यायालय, बिलासपुर द्वारा विभिन्न याचिकाओं में दिए गए महत्वपूर्ण निर्णयों का उल्लेख किया गया है, जिसमें पूर्व सेवाकाल को पेंशन योग्य सेवा के रूप में मान्यता देने पर जोर दिया गया है। न्यायालय ने स्पष्ट किया है कि पेंशन एक कल्याणकारी व्यवस्था है और यह कर्मचारियों की दीर्घ सेवा का स्थगित पारिश्रमिक है।
एसोसिएशन ने शासन से मांग की है कि न्यायालय के निर्देशों के अनुरूप पुनर्विचार कर स्पष्ट आदेश जारी किए जाएं, ताकि लंबे समय से सेवा दे रहे शिक्षकों को न्याय मिल सके।
संगठन ने शिक्षकों (एल.बी. संवर्ग) से जुड़े कई व्यावहारिक मुद्दों को भी प्रमुखता से उठाया है। इनमें पेंशन निर्धारण के लिए सेवा अवधि में युक्तिसंगत संशोधन, पदोन्नति एवं क्रमोन्नति से वंचित शिक्षकों को राहत, पूर्व नियुक्त शिक्षकों के लिए परीक्षा संबंधी प्रावधानों में व्यवहारिक समाधान, सहायक शिक्षकों के लिए आवश्यक प्रशिक्षण व्यवस्था तथा विद्यालयों में उपस्थिति दर्ज करने की पारदर्शी प्रणाली लागू करने जैसी मांगें शामिल हैं।
टीचर्स एसोसिएशन का कहना है कि इन मांगों का उद्देश्य केवल कर्मचारियों का हित नहीं, बल्कि समूची शिक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ बनाना है। संगठन के पदाधिकारियों ने बताया कि शिक्षकों की सेवा सुरक्षा और मनोबल मजबूत होने से विद्यालयों में शिक्षण गुणवत्ता पर सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा। उन्होंने शासन से संवेदनशीलता के साथ निर्णय लेकर शिक्षकों की वर्षों पुरानी मांगों का निराकरण करने की अपील की।
ज्ञापन जिला अध्यक्ष के नेतृत्व में प्रस्तुत किया गया, जिसमें संगठन के पदाधिकारियों ने एक स्वर में कहा कि शिक्षकों के हितों की अनदेखी अब संभव नहीं है। उन्होंने भरोसा जताया कि शासन शिक्षकों की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए शीघ्र समाधान की दिशा में कदम उठाएगा। इस अवसर पर अनिल श्रीवास्तव, जयेश टोपनो, आदित्य गुप्ता, अफरोज खान, महानन्द सिंह, प्रेम कुमार यादव, कलेश्वर यादव, तरुण गुप्ता, धनुराम यादव, मुनेश्वर यादव, राजेश श्रीवास, नंदलाल शास्त्री, शिवचरण नाग, कालेश्वर भगत, प्रदीप सिंह, लक्ष्मी यादव, अयोध्या यादव शामिल रहे।
शिक्षकों के पेंशन व सेवा हितों पर मुखर हुआ टीचर्स एसोसिएशन
शासन से शीघ्र निर्णय की मांग



