रायगढ़। मेडिकल कालेज अस्पताल में भर्ती एक मरीज बुजुर्ग ने बाथरूम में फांसी लगाकर खुदकुशी कर लिया है। घटना की सूचना पर पुलिस ने मामले की विवेचना शुरू कर दी है।
इस संबंध में मिली जानकारी के अनुसार सारंगढ़ क्षेत्र के ग्राम भीखमपुर निवासी नारद लहरे पिता टीकाराम लहरे (50 वर्ष) विगत कई दिनों से पीलिया बीमारी से पीडि़त था, इस बीच विगत 9 अगस्त को उसकी तबीयत ज्यादा बिगडऩे पर उसे उपचार के लिए मेडिकल कालेज अस्पताल लाया गया, जहां डाक्टरों ने उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए फस्ट फ्लोर के मेडिसीन वार्ड में भर्ती कर उपचार किया जा रहा था। इस दौरान मंगलवार को सुबह जब उसकी तबीयत में सुधार हुआ तो वार्ड से निकल कर बाहर टहल रहा था। इस दौरान सुबह करीब 6 बजे वार्ड के बाहर बैठे से सिक्युरिटी गार्ड से कुछ देर तक बात किया, इसके बाद टहलते हुए सेकेंड फ्लोर पर चला गया और ओपीडी के बाहर कामन बाथरूम के स्टोर रूम में जाकर खिडक़ी में फांसी पर लटक गया।
जब काफी देर तक वापस अपने बेड पर नहीं आया तो उसके परिजन उसे ढुंढने लगे, इस दौरान सिक्युरिटी गार्ड ने बताया कि यही पर टहल रहा था। जिसकी काफी खोजबीन किए, लेकिन नहीं मिला। ऐसे में जब ढूंझते हुए सेकेंड फ्लोर के बाथरूम में गए, तो खिडक़ी से लटका हुआ था। जिससे इसकी सूचना अस्पताल प्रबंधन को दिया गया। वहीं इस घटना की जानकारी मिलते ही अस्पताल में हडक़ंप की स्थिति बन गई। वहीं इसकी सूचना पर चक्रधरनगर पुलिस मौके पर पहुंची और उसके शव को मरच्यूरी में रखते हुए परिजनों का बयान दर्ज कर पीएम उपरांत शव परिजनों को सौंप दिया है।
सुबह 5 बजे से बेड से गायब था मरीज
इस मामले में अस्पताल अधीक्षक डॉ. दुर्गा शंकर पटेल ने बताया कि मंगलवार सुबह सफाईकर्मी ने गायनिक वार्ड के सामान्य बाथरूम में मरीज को फांसी के फंदे पर लटका देखा। इसके बाद अस्पताल के अधिकारियों को इसकी जानकारी दी गई। जांच में पता चला कि मरीज मेडिसिन वार्ड का था और सुबह करीब 5 बजे से अपने बेड से गायब था। अस्पताल में उसकी तलाश की जा रही थी। घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस को सूचना दी गई। पूछताछ में यह भी पता चला कि मरीज शराब पीने का आदी था। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
अस्पताल में बना चर्चा का विषय
मंगलवार को सुबह करीब 9 बजे जब सूचना मिली कि एक मरीज अस्पताल के सेकेंड फ्लोर के बाथरूम में फांसी लगा लिया है, तो वहां भर्ती अन्य मरीजों के साथ उनके परिजनों की वहां पर भीड़ लग गई, साथ ही अस्पताल प्रबंधन मौके पर पहुंचे और घटना की जानकारी पुलिस को देते हुए उक्त शौचालय को लाक कर दिया। वहीं अस्पताल आए अन्य लोगों का कहना था कि हर साल यहां किसी न किसी तरह की घटनाए होती है। वहीं इसके पहले भी एक मरीज ने खुदकुशी किया था, ऐसे में अब इस बुजुर्ग ने किन कारणों से खुदकुशी किया है, इसका खुलासा नहीं हो पाया है। ऐसे में अब मर्ग जांच के बाद ही वास्तिवक कारणों का खुलासा हो सकेगा।



