रायगढ़। बीती रात घरघोड़ा थाना क्षेत्र के अलग-अलग गांव में सर्पदंश की तीन घटनाएं सामने आईं है। जिनमें एक शिशु और एक किशोर की अस्पताल पहुंचते ही मौत हो गई। जबकि शिशु के पिता की स्थिति गंभीर बनी हुई है जिससे उसका मेडिकल कालेज अस्पताल में उपचार चल रहा है। ये तीनों लोग में एक किशोर पलंग पर सो रहा था, जबकि पिता-पुत्र जमीन पर सोए थे, तभी सर्प ने डंस लिया था। घटना की सूचना पर पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले को विवेचना में लिया है।
उल्लेखनीय है कि जिले में जब से बरसात शुरू हुई है तब से सर्प दंश के आंकडों में तेजी से इजाफा हो रहा है। ऐसे में देखा जाए तो जुलाई माह में ही हर दिन चार से पांच लोग सर्पदंश के शिकार होकर अस्पताल पहुंच रहे हैं, जिससे जो लोग समय पर पहुंचते हैं उनकी जान बच जा रही है, वहीं जिसको आने में देर होने से मौत हो जा रही है। बीती रात हुई सर्पदंश के मामले में घरघोड़ा थाना क्षेत्र के कुडुमकेला निवासी धीरज दास पिता बिसाहू दास (14 वर्ष) शुक्रवार को रात में खाना खाने के बाद अपने कमरे में पलंग पर सो रहा था तभी देर रात नींद में उसे सर्प ने डंस लिया, लेकिन उसको पता नहंीं चला। ऐसे में अल सुबह करीब तीन बजे के आसपास जब उसके परिजनेां ने देखा कि धीरज नींद में है और उसके मूंह से झाग निकल रहा है, इससे पहले तो उसे जगाने का प्रयास किया गया, लेकिन वह नहीं उठा सका, इससे तत्काल उसे घरघोड़ा अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डाक्टरों ने जांच किया तो उसके शरीर में सर्प के डंसने का निशान था जिससे उसकी मौत हो गई थी।
वहीं दूसरी घटना ग्राम चारमार की है। इस संबंध में मिली जानकारी के अनुसार शुक्रवार को रात में खाना खाने के बाद संजय धनवार पिता परदेशी धनवार (25 वर्ष) अपने पांच माह के बेटा न्यांश धनवार को लेकर जमीन पर सो रहा था। इस दौरान रात करीब तीन बजे एक सर्प ने पहले मासूम न्यांश धनवार को डंस लिया, जिससे उसके रोने की आवाज सुनकर जब उसका पिता उठा और लाइट जलाया तब तक सर्प ने संजय के पैर में भी डंस लिया, इससे उसने शोर मचाना शुरू किया, ऐसे में जब तक घर के अन्य सदस्य वहां पहुंचते तब तक सर्प भाग निकला, ऐसे में परिजनेां ने तत्काल पिता-पुत्र को उपचार के लिए घरघोड़ा अस्पताल लेकर पहुंचे। जहां डाक्टरों की टीम ने प्राथमिक जांच में ही मासूम न्याश को मृत घोषित कर दिया। ऐसे में पिता के सामने बेटे की मौत की सूचना मिलते ही वह भी अचेत होने लगा और उसकी भी स्थिति गंभीर होने लगी। ऐसे में डाक्टरेां ने प्राथमिक उपचार के बाद संजय को तत्काल रायगढ़ रेफर कर दिया। जहां मेडिकल कालेज अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वहीं बताया जा रहा है कि संजय की भी स्थिति गंभीर बनी हुई है। वहीं शनिवार को अस्पताल से भेजी गई तहरीर पर घरघोड़ा पुलिस ने दोनों मामले में मर्ग कायम कर पीएम उपरांत शव परिजनेां को सोंपते हुए आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
क्या कहते हैं विशेषज्ञ
इस संबंध में घरघोड़ा बीएमओ एसआर पैंकरा ने बताया कि रात में पिता-पुत्र सहित तीन लोग सर्पदंश के शिकार होकर पहुंचे थे, जिसमें दो की मौत हो चुकी थी, तीसरे की हालत गंभीर थी जिसे रेफर किया गया हैै। वहीं उन्होंने बताया कि जुलाई माह में 14 सर्पदंश के मामले आए हैं, जिनमें से आज दो लोगों की मौत हुई है। ऐसे में यह समय जहरीले जीवों के निकालने का है। ऐसे में बरसात के दिनों में जमीन पर न सोए साथ ही बेड पर सोते समय भी मच्छरदानी का उपयोग करें। ताकि अगर कोई जहरीला जीव आता भी है तो वह पहुंच न सके। ऐसे में अगर जहरीले जीव काटता है तो तत्काल नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र जाकर जांच करना चाहिए, ताकि समय रहते उपचार हो सके। वहीं जनवरी से जुलाई तक जहां मेडिकल कालेज में सर्प दंश के 180 केस आया है तो केजीएच में 108 केस सर्पदंश के आया है।



