जशपुरनगर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज रणजीता स्टेडियम में आयोजित कार्यक्रम में प्रधानमंत्री ग्राम सडक़ योजना अंतर्गत राज्य स्तर पर स्वीकृत फेस-04 की 774 सडक़ों का शिलान्यास एवं शुभारंभ किया। कुल 2426.875 किलोमीटर लंबाई की इन सडक़ों के निर्माण पर 2225.44 करोड़ रुपए की लागत आएगी। इनमें से जशपुर जिले में कुल 77 सडक़ों का निर्माण कराया जाएगा। इसकी कुल लंबाई 197.26 किलोमीटर और लागत 196.20 करोड़ रुपए है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने जशपुर जिला मुख्यालय स्थित वशिष्ठ कम्यूनिटी हाल के जीर्णोद्धार के लिए 80 लाख रुपए देने की घोषणा की।
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि आज का दिन छत्तीसगढ़ के लिए ऐतिहासिक है। प्रधानमंत्री ग्राम सडक़ योजना (फेज-4) के अंतर्गत 2,225 करोड़ रुपये की लागत से 774 सडक़ों का एक साथ भूमिपूजन किया गया है। लगभग 2,427 किलोमीटर लंबी इन सडक़ों के निर्माण से 781 बसाहटों को बारहमासी पक्की सडक़ सुविधा प्राप्त होगी, जिससे ग्रामीण जनजीवन में व्यापक परिवर्तन आएगा। उन्होंने कहा कि यह एक सुखद संयोग है कि जब पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने छत्तीसगढ़ राज्य का गठन किया, उसी वर्ष प्रधानमंत्री ग्राम सडक़ योजना की भी शुरुआत की। वे जमीन से जुड़े नेता थे, जिन्होंने ग्रामीण भारत की जरूरतों को गहराई से समझा और यह योजना उनकी संवेदनशील सोच का परिणाम है। आज यह योजना दूरस्थ गांवों को जोड़ते हुए ग्रामीण जीवन की जीवनरेखा बन चुकी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि ग्रामीण सडक़ों के विकास का दूसरा महत्वपूर्ण चरण प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में आया है। पिछले एक दशक में प्रधानमंत्री ग्राम सडक़ योजना और पीएम जनमन योजना के माध्यम से छत्तीसगढ़ में सुदृढ़ सडक़ नेटवर्क का विस्तार हुआ है, जिससे अधिकांश बसाहटें अब सडक़ संपर्क से जुड़ चुकी हैं। उन्होंने बताया कि भारतमाला परियोजना के अंतर्गत रायपुर से विशाखापट्टनम तथा रायपुर से जशपुर होते हुए धनबाद तक सडक़ निर्माण कार्य जारी है। इससे जशपुर से रायपुर की दूरी कम समय में तय की जा सकेगी और क्षेत्रीय विकास को गति मिलेगी।
मुख्यमंत्री ने सहकारिता क्षेत्र का उल्लेख करते हुए कहा कि हाल ही में 515 प्राथमिक कृषि साख सहकारी समितियों (पैक्स) का वर्चुअल शुभारंभ किया गया है। इससे प्रदेश में समितियों की संख्या बढक़र 2,573 हो गई है। ये समितियां बहुउद्देश्यीय सोसायटी के रूप में कार्य करते हुए किसानों को खाद, बीज, अल्पकालीन ऋण जैसी सुविधाएं उनके गांव के निकट उपलब्ध कराएंगी, साथ ही धान विक्रय की प्रक्रिया भी सरल होगी। किसानों के हित में राज्य सरकार द्वारा 3,100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदी की जा रही है। होली से पूर्व 25.28 लाख किसानों के खातों में 10,324 करोड़ रुपये से अधिक की राशि अंतरण होने से किसानों में उत्साह और विश्वास बढ़ा है।मुख्यमंत्री ने नागरिकों से जनगणना में सक्रिय भागीदारी की अपील करते हुए कहा कि इससे वास्तविक स्थिति का आकलन संभव होगा और विकास कार्यों की सटीक योजना बनाई जा सकेगी। उन्होंने बताया कि बिजली बिल भुगतान समाधान योजना के तहत प्रदेशभर में शिविर लगाकर समस्याओं का निराकरण किया जाएगा तथा 757 करोड़ रुपये के बिजली बिल माफ किए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह के दृढ़ संकल्प के चलते छत्तीसगढ़ में नक्सल समस्या के समाधान की दिशा में महत्वपूर्ण प्रगति हुई है, जिससे अब प्रदेश के दूरस्थ क्षेत्रों में तेजी से विकास कार्य संभव हो पाएंगे।
उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने कहा कि आज जिस 774 सडक़ों का शिलान्यास किया गया है, इसका काम कल से शुरू हो जाएगा। इस सडक़ों को 500 दिनों में पूर्ण करने का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने बताया कि पिछले दो वर्षों में सडक़ों के निर्माण में काफी तेजी आई है। इन वर्षों में लगभग 1300 से अधिक सडक़ों का निर्माण पूरा किया जा चुका है। उन्होंने बताया किन पीएम जनमन योजना के तहत विशेष पिछड़ी जनजाति समुदाय इलाकों में भी सडक़ों के निर्माण द्रुत गति से किया जा रहा है। आने वाले समय में यह इलाका भी तेजी से मुख्यधारा में जुड़ जाएगा। उप मुख्यमंत्री श्री शर्मा ने कहा कि राज्य सरकार ने अवैध धर्मांतरण को रोकने के उद्देश्य से छत्तीसगढ़ में धर्म स्वातंत्र्य कानून लागू किया है। इस कानून में शामिल कड़े प्रावधानों के माध्यम से निश्चित रूप से अवैध धर्मांतरण पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जा सकेगा।
इस अवसर पर प्रमुख सचिव पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग श्रीमती निहारिका बारीक ने छत्तीसगढ़ में प्रधानमंत्री ग्राम सडक़ योजना में माध्यम योजना फेस 04 अंतर्गत 3065 बारहमासी सडक़ विहीन बसाहटो का चिन्हांकन किया गया है। प्रधानमंत्री ग्राम सडक़ योजना फेस 04, बैच-2 में 1000 बसाहटो हेतु 2684 किमी. लम्बाई की 975 सडक़ो का प्रस्ताव भारत सरकार को प्रेषित किये गये हैं। शेष 1284 बसाहटो के डीपीआर तैयार किये जा रहे हैं जिसकी स्वीकृति हेतु प्रस्ताव प्रधानमंत्री ग्राम सडक़ योजना फेस 04 बैच 3 में भारत सरकार को प्रेषित किया जावेगा। भारत सरकार द्वारा विशेष पिछड़ी जनजातीय समूह (च्टज्ळ) के विकास हेतु प्रधानमंत्री जनजातीय आदिवासी न्याय महाभियान (च्ड-श्र।छड।छ) के तहत भारत सरकार द्वारा 2902 किमी. लम्बाई की 807 सडक़ें एवं 123 वृहद पुल हेतु कुल राशि रु. 2477 करोड़ की स्वीकृति प्रदान की गयी है। इन सडक़ों से 871 च्टज्ळ बसाहटें लाभान्वित होगी। अब तक 1735 किमी. लंबाई की 356 सडक़ें पूर्ण की जा चुकी है। इन पूर्ण सडक़ों से 356 च्टज्ळ बसाहटें बारहमासी सडक़ों से जुड़ चुकी हैं। इस प्रकार प्रधानमंत्री ग्राम सडक़ योजना अंतर्गत योजना प्रारंभ से अब तक कुल 47,847 कि.मी. लम्बाई की 10119 सडक़ो एवं 581 वृहद पुल हेतु कुल राशि रूपये 21122 करोड़ की स्वीकृति प्राप्त हुई है। जिसमें से अब तक 42,250 कि.मी. लम्बाई की 8713 सडक़ें एवं 444 वृहद पुल का निर्माण पूर्ण किया जा चुका है।
इस अवसर पर पद्मश्री श्री जागेश्वर यादव, विधायक श्रीमती गोमती साय और श्रीमती रायमुनी भगत, छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल के अध्यक्ष डॉ. रामप्रताप सिंह, छत्तीसगढ़ माटी कला बोर्ड अध्यक्ष श्री शंभूनाथ चक्रवर्ती, छत्तीसगढ़ राज्य अंत्यावसायी सहकारी वित्त एवं विकास निगम अध्यक्ष श्री सुरेन्द्र कुमार बेसरा, छत्तीसगढ़ राज्य महिला आयोग की सदस्य श्रीमती श्रीमती प्रियंवदा सिंह जूदेव, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री सालिक साय, श्री प्रबल प्रताप सिंह जूदेव, नगर पालिका अध्यक्ष जशपुर श्री अरविंद भगत, जनपद पंचायत अध्यक्ष जशपुर श्री गंगाराम भगत, जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री शौर्य प्रताप सिंह जूदेव, नगर पालिका उपाध्यक्ष श्री यश प्रताप सिंह जूदेव, जनपद पंचायत अध्यक्ष कुनकुरी श्रीमती सुशीला साय, प्रमुख सचिव पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग श्रीमती निहारिका बारीक, कमिश्नर श्री नरेंद्र दुग्गा, पुलिस कमिश्नर श्री दीपक कुमार झा, आयुक्त मनरेगा श्री तारन प्रकाश सिन्हा, कलेक्टर श्री रोहित व्यास, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री लाल उमेंद सिंह, पीएमजीएसवाई के प्रमुख अभियंता श्री के. के.कटारे, अधीक्षक अभियंता श्री सोहन चंद्रा, कार्यपालन अभियंता श्री सानुज घृतलहरे, जिला पंचायत और जनपद पंचायत सदस्य गण, सरपंच गण, श्री कृष्ण कुमार राय, श्री नरेश नंदे, श्री ओमप्रकाश सिन्हा ,श्री मनीष अग्रवाल, श्री मुकेश शर्मा सहित अन्य जनप्रतिनिधिगण, अधिकारीगण एवं भारी संख्या में लोग मौजूद थे।
जशपुर में 196.20 करोड़ लागत के 77 सडक़ों का होगा निर्माण
जशपुर जिले में 197.26 किलोमीटर लंबाई के कुल 77 सडक़ों का निर्माण कराया जाएगा। जिसकी लागत 196.20 करोड़ रुपए है। इनमें जशपुर विकासखंड में 5 सडक़ों का निर्माण किया जाएगा।जिसकी कुल लंबाई 18.93 किमी और लागत 17.41 करोड़ रुपए है। इसी तरह मनोरा विकासखंड में 7 सडक़ों का निर्माण किया जाएगा, जिसकी कुल लंबाई 17.60 और लागत 20.00 करोड़ है। दुलदुला विकासखंड में 9 सडक़ों का निर्माण किया जाएगा, जिसकी कुल लंबाई 29.19 और लागत 30.96 करोड़ रुपए है।। कुनकुरी विकासखंड में 13 सडक़ों का निर्माण किया जाएगा, जिसकी कुल लंबाई 29.91 किमी और लागत 33.78 करोड़ रूपए है। फरसाबहार में 10 सडक़ों का निर्माण किया जाएगा, जिसकी कुल लंबाई 27.58 किमी और लागत 29.20 करोड़ रुपए है। बगीचा विकासखंड में 7 सडक़ों का निर्माण किया जाएगा, जिसकी कुल लंबाई 17.64 किमी और लागत 15.86 करोड़ रुपए है। कांसाबेल में कुल 6 सडक़ों का निर्माण किया जाएगा, जिसकी कुल लंबाई 16.83 किमी और लागत 14.15 करोड़ रुपए है और पत्थलगांव में 20 सडक़ों का निर्माण किया जाएगा, जिसकी कुल लंबाई 39.58 किमी और लागत 34.80 करोड़ रुपए है।



