सारंगढ़। बरमकेला से रायपुर जा रही बंटी बस उस वक्त हादसे का शिकार हो गई, जब वन अभ्यारण्य क्षेत्र के बीच संकरी सडक़ पर सामने से आ रही ट्रक को साइड देते समय बस अनियंत्रित होकर दुर्घटनाग्रस्त हो गई। बस में चालक व स्टाफ सहित करीब चार सवारी मौजूद थीं। गनीमत रही की हादसे में किसी तरह की जनहानि नहीं हुई और सभी लोग सुरक्षित बच गए। लेकिन इस हादसे ने एक बार फिर अभ्यारण्य क्षेत्र की सडक़ सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। सडक़ के कई हिस्सों में रास्ता संकरा है, मोड़ भी खतरनाक हैं, बावजूद इसके स्पीड लिमिट, सावधानी और खतरनाक मोड़ से संबंधित पर्याप्त चेतावनी बोर्ड नजर नहीं आते। ऐसे में सवाल उठता है कि प्रशासन किसी बड़े हादसे का इंतजार क्यों कर रहा है ?हादसे की सूचना मिलते ही सारंगढ़ विधायक उत्तरी जांगड़े तत्काल मौके पर पहुंचीं। उन्होंने दुर्घटनाग्रस्त बस के यात्रियों और बस स्टॉफ से कुशलक्षेम जाना व उन्हें आवश्यक सहयोग दिया।
विधायक उत्तरी ने खतरनाक मोड़ों पर चेतावनी बोर्ड लगाने की बात कही और भीड़ में मौजूद लोगों से अभ्यारण्य क्षेत्र की सडक़ पर धीमी गति व सावधानी से वाहन चलाने की अपील की। बड़ा सवाल चेतावनी बोर्ड कब लगेंगे ?यह हादसा भले ही बिना जनहानि के टल गया हो, पर सवाल अब भी कायम है क्या सडक़ पर चेतावनी बोर्ड लगाने के लिए किसी की जान जाना जरूरी है संकरी सडक़, सामने से आते भारी वाहन और तेज रफ्तार इन तीनों का मेल किसी भी वक्त बड़े हादसे में बदल सकता है। जरूरत है कि संबंधित विभाग तत्काल सडक़ का निरीक्षण करे, खतरनाक मोड़ों और संकरे हिस्सों में स्पीड लिमिट, सावधानी और मोड़ संबंधी चेतावनी बोर्ड लगाए, ताकि भविष्य में किसी बड़े हादसे को रोका जा सके चार यात्री बाल-बाल बच गए हैं, लेकिन अगली बार सिर्फ किस्मत के भरोसे सुरक्षा नहीं छोड़ी जा सकती।
वन अभ्यारण्य की संकरी सडक़ में बस दुर्घटनाग्रस्त, बाल- बाल बचे 4 यात्री



