रायगढ़। साउथ इस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (एसईसीएल), रायगढ़ क्षेत्र की कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व गतिविधियों के अंतर्गत खरसिया-छाल मार्ग पर मांड नदी पर निर्मित उच्च स्तरीय पुल के मरम्मत एवं सुदृढ़ीकरण कार्य के लिए 84.48 लाख की राशि स्वीकृत की गई है। सोमवार को एसईसीएल रायगढ़ क्षेत्र एवं जिला प्रशासन रायगढ़ के मध्य के समझौता ज्ञापन एमओयू किया गया।
खरसिया-छाल मार्ग एक महत्वपूर्ण अधोसंरचनात्मक संपर्क मार्ग है, जो खरसिया को छाल-धरमजयगढ़ एवं आसपास के क्षेत्रों से जोड़ता है। इस मार्ग पर स्थित मांड नदी का पुल दोनों क्षेत्रों के बीच एकमात्र क्रियाशील संपर्क साधन है, जो आमजन, आवश्यक सेवाओं तथा वाणिज्यिक गतिविधियों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।
पुल की जर्जर स्थिति के कारण आवागमन, सुरक्षा एवं क्षेत्रीय आर्थिक गतिविधियों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा था। इससे यात्रियों की सुरक्षा के साथ-साथ कोयला एवं अन्य वाणिज्यिक परिवहन की सुचारू आवाजाही भी प्रभावित हो रही थी। इस परिप्रेक्ष्य में पुल की मरम्मत एवं सुदृढ़ीकरण कार्य आवश्यक हो गया था। इस परियोजना के पूर्ण होने पर खरसिया, छाल, धरमजयगढ़ एवं आसपास के क्षेत्रों के बीच सुरक्षित और निर्बाध संपर्क सुनिश्चित होगा। साथ ही यात्रियों एवं माल परिवहन की सुगमता बढ़ेगी। उल्लेखनीय है कि पुल की जर्जर स्थिति को ध्यान रखते हुए रायगढ़ जिला प्रशासन द्वारा भी इस कार्य को प्राथमिकता देने की अनुशंसा की गई थी। एसईसीएल द्वारा सीएसआर के अंतर्गत इस कार्य को स्वीकृति प्रदान कर क्षेत्रीय विकास एवं जनहित के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को पुन: स्थापित किया गया है। यह पहल स्थानीय समुदायों एवं हितधारकों के साथ एसईसीएल के सौहाद्र्रपूर्ण संबंधों को और सुदृढ़ करेगी तथा कंपनी की सकारात्मक छवि को बढ़ावा देगी।
मांड नदी पर पुल की मरम्मत के लिए एसईसीएल और जिला प्रशासन के बीच एमओयू
सीएसआर के तहत एसईसीएल रायगढ़ क्षेत्र ने खरसिया-छाल रोड पर मांड नदी पर उच्च स्तरीय पुल के सुदृढ़ीकरण के लिए 84.48 लाख की दी मंजूरी



