रायपुर। प्रदेश में नशे के कारोबार के खिलाफ चल रही सख्त कार्रवाई के तहत रायपुर पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। सफेमा के तहत खरोरा थाना के गांजा तस्कर राकेश वर्मा की करोड़ों रुपए की अवैध रूप से अर्जित अचल संपत्ति को जब्त किया गया है। यह कार्रवाई एनडीपीएस एक्ट के एक प्रकरण में की गई है, जिसमें आरोपी लंबे समय से फरार चल रहा था। पुलिस ने आरोपी के करीब 13 प्लाट पर एक्शन लेते हुए जब्त किया गया है, जिसकी कीमत डेढ़ करोड़ है। मामला खरोरा थाना क्षेत्र का है। 20 मई 2025 को खरोरा थाना क्षेत्र में एसीसीयू और खरोरा पुलिस की संयुक्त टीम ने छडिय़ा गावं में दबिश देकर गांजा तस्कर मोहन सिंह कोशले को पकड़ा था। पुलिस कार्रवाई की सूचना मिलने पर मोहन कोशले का साथ राकेश वर्मा पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया था। विवेचना अधिकारियों ने मोहन से 27.894 किलोग्राम गांजा बरामद किया था। जिसकी कीमत करीब 4 लाख 18 हजार रुपए पुलिस ने बताई थी।
पुलिस की पूछताछ में मोहन ने बताया, कि गांजा खपरीडीह खुर्द खरोरा निवासी राकेश वर्मा का है। राकेश वर्मा के खिलाफ पुलिस ने जांच शुरू की तो पाया, कि गांजा तस्कर ने नशे के पैसों से परिवार के सदस्यों के नाम संपत्ति खरीदी है। पुलिस ने दस्तावेजी साक्ष्य के आधार पर संपत्ति को जब्त करने का प्रतिवेदन सफेमा कोर्ट मुंबई भेजा गया था। इस पर सुनवाई के बाद सफेमा कोर्ट मुंबई ने आदेश जारी किया। कोर्ट के आदेश के तहत सफेमा अधिनियम के अंतर्गत ग्राम खपरीडीह खुर्द, खरोरा क्षेत्र में अलग-अलग स्थानों पर स्थित राकेश वर्मा एवं उसके परिवार के सदस्यों के नाम दर्ज 13 प्लाट (भूमि) को जब्त किया गया है। इन अचल संपत्तियों की अनुमानित कीमत करीब 1.5 करोड़ रुपए बताई जा रही है। आरोपी राकेश वर्मा की तलाश में पुलिस जुटी हुई है। खरोरा निरीक्षक तस्कर के खिलाफ सफेमा कार्रवाई की पुष्टि की है।
गांजा तस्कर की डेढ़ करोड़ की संपत्ति जब्त
13 प्लाट पर एक्शन, आरोपी 7 महीने से पुलिस को दे रहा था चकमा



