रायगढ़। शहर के केवड़ाबाड़ी बस स्टैण्ड क्षेत्र स्थित इंदिरा नगर और चांदनी चौक में उच्च स्तरीय पुल निर्माण हेतु आज बस स्टैण्ड के मंगल भवन में जन सुनवाई का आयोजन किया गया। लगभग 12 करोड की लागत से निर्मित इन पुलों के निर्माण के कारण प्रभावित होनें वाले लोगों ने इस जन सुनवाई के दौरान पुर्नविस्थापन और मुआवजे की मांग करते हुए अपनी आपत्तियां दर्ज कराई।
प्राप्त जानकारी के अनुसार नगर निगम के द्वारा पिछले दिनों इंदिरा नगर से जोगीडीपा चांदनी चौक होते हुए मरीन ड्राईव से जोडने वाले मार्ग के चौडीकरण और रास्ते में आने वाले इंदिरा नगर और चांदनी चौक में उच्च स्तरीय पुल के निर्माण हेतु सर्वे कराया गया है। इंदिरा नगर और चांदनी चौक में उच्च स्तरीय पुल का निर्माण 90 मीटर लंबा और 18 मीटर चौड़ा होगा तथा दोनों तरफ सौ-सौ मीटर का एप्रोचरोड भी बनाया जाना है। इनमें से दोनों पुल की लागत लगभग 12 करोड़ के आसपास बताई जा रही है। इस बाबत आज केवड़ाबाडी के मंगल भवन में समाधान शिविर का आयोजन किया गया था। प्रशासन की ओर से शुरू किये गए समाधान शिविर में पुल व सडक़ निर्माण के कारण प्रभावित होनें वाले दो पट्टाधारियों इंदरपाल सिंह भाठिया, जगतपुर तथा दिनेश अग्रवाल सिविल लाइन का नाम सामने आया। किंतु वे समाधान शिविर में उपस्थित नही दिखे। जबकि इसी प्रस्तावित मार्ग पर निवासरत और दुकान चलाने वाले कई प्रभावितों ने यहां पहुंचकर अपनी आपत्तियां दर्ज कराई। इनमें से आपत्तिकर्ता केशरवानी होटल चांदनी चौक, विनोद जायसवाल किराना दुकान संचालक, मनोज अग्रवाल कलर पेंट दुकान के संचालक ने बताया कि वे पिछले चार माह दशकों से इस जगह पर निवासरत हैं और अपना छोटा-मोटा व्यवसाय चलाकर अपने परिवार का भरण पोषण करते आ रहे हैं। जनसुनवाई के दौरान सडक़ निर्माण से प्रभावित होनें के बावजूद उन्हें सुचना तक नही दी गई है और ना ही मुआवजे के संबंध में कोई चर्चा की जा रही है, उनकी मांग है कि या तो उन्हें जमीन के बदले विस्थापन के रूप में जमीन दी जाये अथवा मुआवजा दिया जाये, वहीं प्रभावित लोगों का यह भी कहना था कि सरकार अगर चाहे तो चौड़ी सडक को थोडा छोटा करके उन्हें भी थोड़ी जमीन दी जा सकती है जिससे उनका गुजर बसर भी चलता रहेगा। भू-अर्जन शिविर के दौरान उपस्थित कुछ जानकार लोगों का यह भी कहना था कि दोनों जगह पर उच्च स्तरीय पुल के साथ-साथ सडक़ चौड़ीकरण होनें पर यहां प्रगति नगर से भी अधिक तोडफोड संभावित है। जिसे प्रशासन छुपाने का प्रयास कर रहा है।
जनसुनवाई के दौरान प्रशासन की ओर से उपस्थित गैर शासकीय सामाजिक वैज्ञानित उमेश कुमार मालाकार, तकनीकी विशेषज्ञ विनय कुमार बहिदार, संयोजक तहसीलदार रायगढ़ तथा क्षेत्रीय पार्षद आरिफ हुसैन सहित आपत्ति कर्ता प्रभावित उपस्थित रहे। भू-अर्जन के लिये रखे गए इस समाधान शिविर की कार्यप्रणाली पूर्ण करने पश्चात मीडिया को बताया गया कि कुल पांच लोगों ने अपनी आपत्तियां दर्ज कराई है। जिन्हें जिला प्रशासन के पास सुनवाई प्रक्रिया के साथ भेजा जाएगा। वहीं स्थानीय लोगों ने बताया कि इस पुल व सडक़ चौड़ीकरण में लगभग 15 दुकान व मकान मालिक प्रभावित हो रहे हैं , किंतु सूचना नही मिलने के कारण अधिकांश लोग इस जन सुनवाई में सम्मिलित नही हो सके। शिविर के दौरान नगर निगम के पूर्व सभापति जयंत ठेठवार, वरिष्ठ कांग्रेसी दयाराम धुर्वे, संजय देवांगन, लक्ष्मी साहू, लकेश्वर मिरी, सलीम नियारिया, सहित आसपास क्षेत्र के रहवासी उपस्थित रहे।
इंदिरा नगर- चांदनी चौक में पुल निर्माण बाबत हुई जनसुनवाई
आपत्ति कर्ताओं ने सूचना तक नही मिलने का लगाया आरोप, डेढ दर्जन प्रभावितों में मात्र दो पट्टाधारियों को बंटेगा मुआवजा



