बिलासपुर। छत्तीसगढ़ की संस्कृति और खानपान को वैश्विक पहचान दिलाने की अभिनव पहल के तहत आज बिलासपुर स्टेशन पर ‘गढ़ कलेवा’ स्टॉल की सुविधा उपलब्ध कराई गई। यह स्टॉल छत्तीसगढ़ के पारंपरिक व्यंजन, स्थानीय स्वाद और सांस्कृतिक पहचान को यात्रियों तक पहुंचाने का अनोखा प्रयास है। इस सुविधा का विधिवत शुभारंभ आज उप मुख्य वाणिज्य प्रबंधक श्री कौशिक मित्रा, वरि.मंडल वाणिज्य प्रबंधक श्री अनुराग कुमार सिंह व मंडल वाणिज्य प्रबंधक श्री एस भारतीयन की उपस्थिति में स्टॉल की महिला कर्मचारियों के करकमलों से हुआ। इस अवसर पर रेलवे के पर्यवेक्षकगण तथा यात्रीगण भी उपस्थित थे।
यह स्टॉल रेलवे स्टेशन के गेट क्रमांक 01 के पास एक स्टेशन एक उत्पाद स्टॉल पर स्थित है। इस गढ़ कलेवा स्टॉल में छत्तीसगढ़ी व्यंजन जैसे चीला, फरा, मूंगफली लड्डू, गुढ़ लड्डू, करी लड्डू, गुलगुला, ठेठरी, खुरमी, अईरसा, चौसेला, सोहारी आदि विभिन्न व्यंजन उपलब्ध हैं, जहाँ यात्रीगण छत्तीसगढ़ी व्यंजनों का लुत्फ़ उठा सकते हैं। ‘गढ़ कलेवा’ के माध्यम से यात्रियों को छत्तीसगढ़ के खास और सेहतमंद व्यंजनों का अनुभव मिलेगा, जिससे राज्य की सांस्कृतिक पहचान को वैश्विक पहचान मिलेगी। यहाँ आने वाले यात्री न केवल इन व्यंजनों के स्वाद के दीवाने बनेंगे, बल्कि छत्तीसगढ़ की विविधता और परंपराओं को भी नजदीक से जान पाएंगे। वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक श्री अनुराग कुमार सिंह ने बताया कि इस पहल के ज़रिए स्थानीय महिला स्व-सहायता समूहों और कारीगरों को नए रोजग़ार के अवसर मिलेंगे। गढ़ कलेवा स्टॉल न केवल स्वाद की सौगात देगा, बल्कि छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक धरोहर को राष्ट्रीय पहचान दिलाने में भी मदद करेगा।
छत्तीसगढ़ की संस्कृति और खानपान को वैश्विक पहचान दिलाने की अभिनव पहल
बिलासपुर स्टेशन में ‘गढ़ कलेवा’ स्टॉल का विधिवत शुभारंभ
