रायगढ़। शहर में कांग्रेस ने शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद को शाही स्नान से रोके जाने को लेकर पर भाजपा पर तीखा हमला किया। कांग्रेस ने इसे एक सुनियोजित साजिश बताया और कहा कि यह घटना भाजपा के कथित हिंदू विरोधी चरित्र को उजागर करती है।
जिला कांग्रेस कमेटी में कांग्रेस जिला अध्यक्ष नगेन्द्र नेगी ने कहा कि प्रयागराज महाकुंभ में शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद को शाही स्नान से रोका गया। उन्होंने कहा कि यह सिर्फ एक संत का नहीं, बल्कि पूरे सनातन धर्म का अपमान है।
पत्रकारवार्ता में उन्होंने बताया कि शंकराचार्य पिछले 40 वर्षों से शाही स्नान करते आ रहे हैं, लेकिन ऐसा पहली बार हुआ है जब उन्हें रोका गया। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार उनकी बात से सहमत न होने वाले हिंदुओं को हिंदू नहीं मानती और लाखों शिष्यों वाले धर्माचार्य से भी प्रमाण मांगा जाता है।
उन्होंने कहा कि शंकराचार्य लगभग 36 घंटे से अनशन पर बैठे हैं, लेकिन सरकार की तरफ से उनसे कोई बातचीत नहीं की गई। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि आरएसएस प्रमुख को जेड प्लस सुरक्षा दी जाती है, जबकि शंकराचार्य के समर्थकों पर लाठीचार्ज किया जाता है और शंकराचार्य को उनकी पालकी तक जाने की भी अनुमति नहीं दी जाती। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरकार की नीतियों पर सवाल उठाते हैं और अयोध्या में अधूरे राम मंदिर की प्राण-प्रतिष्ठा पर आपत्ति जताते हैं। वे महाकुंभ की अव्यवस्थाओं और कोविड काल में गंगा में तैरती लाशों जैसे संवेदनशील मुद्दों को भी उठाते हैं। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि इसी वजह से भाजपा सरकार उन्हें अपमानित कर रही है। कांग्रेस ने यह भी कहा कि ऐसे लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाए, जो हमारे धर्माचार्यों और सनातन धर्म का अपमान करने का कारण बने हैं।
कांग्रेस ने भाजपा पर लगाए आरोप
कहा- बीजेपी का हिंदू विरोधी चरित्र उजागर, शंकराचार्य को शाही स्नान से रोके जाने को बताया साजिश



