रायगढ़. मदर एण्ड चाइल्ड अस्पताल में उपचार के लिए आने वाले मरीजों को बेहतर सुविधा उपलब्ध कराने जहां विशेषज्ञों की संख्या बढाई जा रही है तो वहीं सुविधाओं में भी लगातार विस्तार हो रहा है। ऐसे में आज एक ही दिन में 19 गर्भवती महिलाओं की सशुकल डिलिवरी कराई गई है, जिससे सभी जच्चा-बच्चा दोनों पूरी तरह स्वास्थ्य है।
उल्लेखनीय है कि जिले में गर्भवती महिलाओं बच्चों को बेहतर उपचार उपलब्ध कराने 100 बिस्तर मदर एण्ड चाइल्ड अस्पताल शुरू किया गया है, जहां जिले भर से हर दिन दर्जनभर से अधिक प्रसुता पहुंचती है, जिनको बेहतर सुविधा उपलब्ध कराने के लिए विभाग द्वारा एक और महिला चिकित्सक की नियुक्ति की गई है। इससे अब इस अस्पताल में चार महिला चिकित्सक सेवा दे रही है। इस दौरान शनिवार को अचानक 19 प्रस्तुता गंभीर हालत में पहुंच गई थी, जिससे इनकी स्थिति को देखते हुए सभी स्त्रीरोग विशेष व अन्य कर्मचारियों की मदद से सभी का उपचार शुरू किया गया, इस दौरान 10 प्रसुताओं का नार्मल डिलिवरी हुई तो वहीं 9 महिलाओं का सिजेरियन से डिलिवरी कराई गई है। वहीं सिविल सर्जन डॉ. दिनेश पटेल ने बताया कि वर्तमान में जिला अस्पताल व एमसीएच में मरीजों की संख्या को बढ़ाने के लिए लगातार प्रयास किया जा रहा है। जिसको लेकर सुविधाओं में विस्तार जारी है। वही मरीजों को वार्ड में बेड उपलब्ध कराने के उद्देश्य से अलग से वार्ड भी तैयार किया गया है, जहां डिलिवरी के दो दिन बाद नवनिर्मित वार्ड में शिफ्ट किया जाता है। जिसके चलते अब यहां बेड की भी प्रर्याप्त सुविधा मिल रही है।
रेफर की संख्या में आई कमी
उल्लेखनीय है कि अभी तक मदर एण्ड चाइल्ड अस्पताल में विशेषज्ञों की कमी होने के कारण कई मरीजों की स्थिति गंभीर होने पर मेडिकल कालेज अस्पताल रेफर करना पड़ता था, जिसको देखते हुए सीएचएमओ डॉ अनिल जगत के प्रयास से एक महिला चिकित्सक की नियुक्ति की गई है ऐसे में अब चार महिला चिकित्सक जिसमें डॉ उपमा पटेल, डॉ नेहा पटेल, डॉ सुषमा एक्का व डॉ. दिशा ठाकुर अपनी सेवाएं दे रही है।
एसएनसीयू में 26 बच्चे
एमसीएच के एसएनसीयू में भी सुविधाओं का विस्तार किया गया है, जिससे वर्तमान में यहां 26 नवजात बच्चों को भर्ती कर इलाज किया जा रहा है। साथ ही एसएनसीयू व महिला वार्ड सहित अन्य वार्डों की सुरक्षा के मद्देनजर भी कर्मचारियों की तैनाती की गई है जो, हर हमेशा लाईट से लेकर अन्य सुविधाओं को ध्यान दिया जा रहा है, ताकि मरीजों को दिक्कतों का सामना न करना पड़े।
एमसीएच में एक ही दिन में 19 महिलाओं की हुई डिलिवरी
मरीजों को बेहतर उपचार के लिए चार महिला विशेषज्ञ की हुई तैनाती



