रायगढ़। जिले के चिराईपानी स्थित महालक्ष्मी कास्टिंग कंपनी की दीवार गिरने से गर्भवती महिला की मौत के मामले में कांग्रेस की गठित 6 सदस्यीय जांच समिति मंगलवार को घटना स्थल पहुंची। टीम ने मौके का निरीक्षण कर ग्रामीणों, घायलों और स्थानीय लोगों से चर्चा की। हादसे के कारणों की जानकारी जुटाई।
प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने मामले की जांच के लिए चंद्रपुर विधायक रामकुमार यादव को समिति का संयोजक बनाया था। समिति में जैजेपुर विधायक बालेश्वर साहू, लैलूंगा विधायक विद्यावती सिदार, पूर्व विधायक प्रकाश नायक, पीसीसी महामंत्री आरती सिंह और निगम नेता प्रतिपक्ष सलीम नियारिया को सदस्य बनाया गया है। जांच के दौरान कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि, ओम रुपेश कंपनी श्रम और सुरक्षा नियमों की अनदेखी कर रहा है। उनका कहना है कि मजदूरों को दैनिक मजदूरी पर काम कराया जा रहा था और श्रम कानूनों का पालन नहीं किया जा रहा था।
जांच टीम के मुताबिक, करीब 20 फीट ऊंची दीवार की नींव कमजोर थी। साथ ही पानी निकासी के लिए दीवार को कई स्थानों से तोड़ा गया था। सुरक्षा मानकों के अनुरूप निर्माण नहीं होने के कारण दीवार ढह गई। जिसकी चपेट में आने से गर्भवती महिला रंभा यादव की मौत हो गई, जबकि सुनील यादव और रिंकी यादव घायल हो गए।
दर्ज हो हत्या का मामला
कांग्रेस नेताओं ने इस घटना को गंभीर लापरवाही बताते हुए प्रबंधन के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज करने की मांग की है। उनका कहना है कि सुरक्षा मानकों की अनदेखी के कारण एक महिला की जान गई है। जांच समिति ने आरोप लगाया कि प्लांट प्रबंधन द्वारा सरकारी जमीन पर कब्जा किया गया है। ग्रामीणों ने तालाब को पाटने और ग्रीन बेल्ट क्षेत्र में अतिक्रमण की शिकायत भी समिति के सामने रखी। कांग्रेस नेताओं ने इन मामलों की भी प्रशासनिक जांच कराने की मांग की है।
2 करोड़ मुआवजा देने की मांग
कांग्रेस ने मृतका के परिजनों को 2 करोड़ रुपए और दोनों घायलों को 1-1 करोड़ रुपए मुआवजा देने की मांग की है। नेताओं का कहना है कि हादसे से प्रभावित परिवारों को उचित आर्थिक सहायता मिलनी चाहिए। घटना स्थल का निरीक्षण करने के बाद जांच टीम अस्पताल भी पहुंची। वहां घायलों से मुलाकात कर उनका हालचाल जाना। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि घायलों के इलाज में कंपनी कोई सहयोग नहीं कर रही है और उनका इलाज आयुष्मान कार्ड के माध्यम से कराया जा रहा है। जांच समिति के सदस्य सलीम नियारिया ने बताया कि, घटनास्थल का निरीक्षण, ग्रामीणों और घायलों से चर्चा के बाद विस्तृत रिपोर्ट तैयार की जाएगी। यह रिपोर्ट प्रदेश कांग्रेस कमेटी को सौंपकर आगे की कार्रवाई की मांग की जाएगी।
चिराईपानी हादसे की जांच करने पहुंची कांग्रेस टीम
कंपनी की लापरवाही से गई गर्भवती महिला की जान, 2 करोड़ मुआवजे की मांग



