रायगढ़। ईद-उल-अजहा की नमाज कदमी ईदगाह और शाही ईदगाह में अदा की गई। इसके अलावा अलग-अलग समय पर मस्जिदों में भी नमाज पढ़ी गई। नमाज को लेकर कमेटी ने खास इंतजाम किए थे। सुबह 8 बजे घड़ी चौक स्थित कदमी ईदगाह में बकरीद की नमाज अदा की गई।
वहीं, चांदमारी स्थित शाही ईदगाह में सुबह साढ़े 8 बजे नमाज हुई। इसके अलावा गांजा चौक स्थित जामा मस्जिद में सुबह 6 बजे, लाल टंकी स्थित नूरी मस्जिद में 6 बजे, मधुबन पारा स्थित मस्जिद गरीब नवाज में सुबह सवा 6 बजे और जूटमिल स्थित सुन्नी मक्का मस्जिद में सुबह 7 बजे नमाज अदा की गई। नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर ईद-उल-अजहा की मुबारकबाद दी। इसके बाद घरों में सेंवइयों का दौर शुरू हो गया। शहर में करीब एक सप्ताह पहले से सेंवइयों की दुकानें सज गई थीं, जहां जमकर खरीदी हुई।
डेढ़ लाख रुपए तक के बकरों की हुई खरीदी
बकरीद को लेकर जिले में करीब एक महीने पहले से बकरों की खरीदी-बिक्री शुरू हो गई थी। लोगों ने अलग-अलग नस्ल के बकरे खरीदे। शहर में करीब एक लाख से डेढ़ लाख रुपए तक के बकरे खरीदे गए। पंजाब से बीटल नस्ल के बकरे मंगाए गए थे, जबकि ओडिशा से करीब 40 बड़े जाति के बकरे लाए गए थे।
सुरक्षा और ट्रैफिक व्यवस्था पर रहा फोकस
शहर के दोनों ईदगाहों और मस्जिदों में नमाज के दौरान सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए गए थे। किसी प्रकार की अप्रिय स्थिति न बने, इसे देखते हुए पुलिस जवानों की ड्यूटी लगाई गई थी। साथ ही ट्रैफिक व्यवस्था प्रभावित न हो, इसका भी पूरा ध्यान रखा गया।



