रायगढ़। जिले में सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) के तहत संचालित राशन दुकान संचालकों का आरोप है कि उन्हें बारदानों की राशि अब तक नहीं मिल पाई है। जबकि शासन से यह राशि लगभग डेढ़ माह पहले ही जिला विपणन अधिकारी (डीएमओ) कार्यालय को प्राप्त हो चुकी है। लेकिन अब तक राशन दुकान संचालकों को भुगतान नहीं किया गया।
जिले में कुल 664 राशन दुकानें संचालित हैं। जिनमें से 66 दुकानें शहरी क्षेत्र में स्थित हैं। इन दुकानों को बारदानों की राशि डीएमओ कार्यालय से जारी की जाती है। बावजूद इसके राशि उपलब्ध होने के बाद भी पिछले डेढ़ माह से भुगतान लंबित है। जिससे दुकानदारों को आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। मंगलवार को बड़ी संख्या में राशन दुकान संचालक डीएमओ कार्यालय पहुंचे। जहां वे विरोध प्रदर्शन की तैयारी में थे। लेकिन जिला विपणन अधिकारी से मुलाकात कर अपनी समस्याएं रखीं। इस पर डीएमओ ने सभी दुकानदारों को आश्वासन दिया कि शाम तक बारदाने की लंबित राशि जारी कर दी जाएगी।
14 लाख के बारदाने की राशि लंबित
राशन दुकान संचालक प्रशांत सिंह ने बताया कि साल 2024-25 में पीडीएस दुकानों के लिए उपलब्ध कराए गए बारदाने की राशि का भुगतान शासन से करीब डेढ़ माह पहले डीएमओ कार्यालय को मिल चुका था। इसके बावजूद अब तक दुकानदारों को भुगतान नहीं मिला है। जिले में कुल मिलाकर लगभग 14 लाख रुपए की बारदाने की राशि लंबित है। उन्हें बताया गया है कि शाम तक चेक जारी कर दिया जाएगा।
संख्या मिलान में गड़बड़ी के कारण रुका भुगतान
जिला विपणन अधिकारी जान्वी जैन ने बताया कि साल 2024-25 के दौरान पीडीएस के तहत उठाए गए बारदाने की राशि के भुगतान की मांग को लेकर राशन दुकान संचालक आए थे। कुछ दुकानों में बारदानों की संख्या का मिलान नहीं हो पाने के कारण भुगतान रोका गया था। अब सभी आंकड़ों का मिलान पूर्ण हो चुका है और शाम तक राशि जारी कर दी जाएगी।
राशन दुकानदारों को नहीं मिली बारदाने की राशि, डेढ़ महीने पहले भुगतान आने के बावजूद लंबित, डीएमओ से मिलने पहुंचे संचालक



