रायगढ़। छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में साइबर अपराध के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए साइबर जागृत अभियान चलाया जा रहा है। अब पुलिस ने लोगों को जागरूक करने के लिए शॉर्ट फिल्म प्रतियोगिता आयोजित करने का फैसला लिया है। इस प्रतियोगिता में किसी भी वर्ग के लोग हिस्सा ले सकेंगे। प्रतिभागियों को साइबर जागरूकता से जुड़ी शॉर्ट फिल्म बनाकर गूगल ड्राइव पर अपलोड करनी होगी। प्रतियोगिता दो श्रेणियों में होगी। 6 मिनट की शॉर्ट फिल्म के विजेता को 1 लाख रुपए और 3 मिनट की शॉर्ट फिल्म के विजेता को 75 हजार रुपए का पुरस्कार दिया जाएगा। पुलिस कंट्रोल रूम में साइबर जागृत अभियान के तहत आयोजित होने वाली प्रतियोगिता की जानकारी देते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने बताया कि साइबर अपराधों के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए लघु फिल्म प्रतियोगिता आयोजित की जा रही है। इस प्रतियोगिता की थीम ‘संकल्प, साइबर क्राइम मुक्त छत्तीसगढ़’ रखी गई है। अभियान में रायगढ़ रोटरी क्लब का सहयोग रहेगा, जबकि प्रतियोगिता का प्रबंधन टेक 3 स्टूडियो करेगा।
एसएसपी शशि मोहन सिंह ने कहा कि डिजिटल लेन-देन और सोशल मीडिया का इस्तेमाल बढऩे के साथ साइबर अपराध के तरीके भी बदल रहे हैं। ठग लोगों को डर, लालच, भरोसे, जल्दबाजी और तकनीकी जानकारी की कमी का फायदा उठाकर अपना शिकार बना रहे हैं। उन्होंने कहा कि साइबर अपराध होने के बाद कार्रवाई करना ही काफी नहीं है। लोगों को पहले से ही सतर्क और जागरूक करना जरूरी है, ताकि वे साइबर ठगी से बच सकें और डिजिटल माध्यमों का सुरक्षित तरीके से इस्तेमाल कर सकें। स्स्क्क ने बताया कि इस प्रतियोगिता में फिल्मकार, विद्यार्थी, युवा, कंटेंट क्रिएटर, सामाजिक संस्थाएं और आम नागरिक हिस्सा ले सकते हैं। सभी को साइबर सुरक्षा का संदेश आसान और प्रभावी तरीके से लोगों तक पहुंचाने के लिए शॉर्ट फिल्म बनाने के लिए आमंत्रित किया गया है। मोबाइल फोन से बनाई गई फिल्मों को भी प्रतियोगिता में शामिल किया जाएगा। ऐसी फिल्मों को खास तौर पर प्रोत्साहित किया जाएगा। प्रतियोगिता में किसी भी वर्ग का व्यक्ति हिस्सा ले सकता है।
प्रतियोगिता दो अलग-अलग श्रेणियों में होगी। पहली श्रेणी में फिल्म की अवधि 3 मिनट से ज्यादा और अधिकतम 6 मिनट होनी चाहिए। इसमें साइबर अपराध की पूरी कहानी, पात्र, अपराध का तरीका, पीडि़त पर असर और उससे बचने का समाधान दिखाया जा सकता है। इस श्रेणी में पहला पुरस्कार 1 लाख रुपए, दूसरा 75 हजार रुपए और तीसरा 50 हजार रुपए होगा। दूसरी श्रेणी में अधिकतम 3 मिनट की फिल्म या रील बनाई जा सकती है। इसमें किसी एक साइबर अपराध की घटना, चेतावनी या लोगों को जागरूक करने वाला छोटा और प्रभावी संदेश होना चाहिए। इस श्रेणी में पहला पुरस्कार 75 हजार रुपए, दूसरा 50 हजार रुपए और तीसरा 25 हजार रुपए दिया जाएगा।
फिल्म में इस्तेमाल किए गए संगीत, वीडियो, फोटो और अन्य सामग्री के जरूरी अधिकार प्रतिभागी के पास होने चाहिए। संवेदनशील मामलों में पीडि़त की पहचान और निजी जानकारी को गुप्त रखना जरूरी होगा। प्रतियोगिता के निर्णायक मंडल का फैसला अंतिम और मान्य होगा। चयनित फिल्मों का इस्तेमाल जन-जागरूकता बढ़ाने और सोशल मीडिया प्रचार के लिए किया जा सकता है। फिल्म को आवेदन फॉर्म में सीधे अपलोड करने की जरूरत नहीं है। प्रतिभागी अपनी फिल्म त्रशशद्दद्यद्ग ष्ठह्म्द्ब1द्ग या किसी अन्य भरोसेमंद फाइल-होस्टिंग प्लेटफॉर्म पर अपलोड कर सकते हैं। इसके बाद फिल्म का सक्रिय और सार्वजनिक रूप से देखने योग्य लिंक आवेदन में देना होगा। प्रतियोगिता में भाग लेने और अधिक जानकारी के लिए फिल्मोत्सव-ओआरजी से संपर्क किया जा सकता है।
शॉर्ट फिल्म प्रतियोगिता, 2 कैटेगरी में होगा मुकाबला
पुलिस की पहल, साइबर जागरूकता अभियान में हंर वर्ग के लोग बनाएंगे फिल्में



