रायगढ़। जिले के खाद्य विभाग में उस समय हडक़ंप मच गया, जब शासकीय उचित मूल्य दुकान की एक महिला विक्रेता ने खाद्य निरीक्षक विद्यानंद पटेल के खिलाफ कलेक्टर के समक्ष लिखित शिकायत देकर कथित अवैध वसूली, मानसिक दबाव और डिजिटल साक्ष्य हटाने के लिए दबाव बनाने जैसे गंभीर आरोप लगाए। शिकायत कर्ता के अनुसार, उससे कथित तौर पर रू.15 हजार का भुगतान कराया गया। महिला विक्रेता ने इस भुगतान के समर्थन में यूपीआई लेन-देन का स्क्रीनशॉट उपलब्ध होने का दावा किया है। शिकायत में खाद्य निरीक्षक पर बार-बार फोन कर अकेले मिलने का दबाव बनाने तथा जांच के नाम पर दुकान पहुंचकर दबाव बनाने के आरोप भी लगाए गए हैं। शिकायत में एक कथित व्हीटसएप संदेश का भी उल्लेख किया गया है। शिकायतकर्ता का दावा है कि लेन-देन से संबंधित स्क्रीन शॉट भेजे जाने के बाद उसे क्कद्यद्गड्डह्यद्ग स्रद्गद्यद्गह्लद्ग ह्लद्धशह्यद्ग ह्यष्ह्म्द्गद्गठ्ठह्यद्धशह्लह्य संदेश भेजा गया।
इन आरोपों की वास्तविकता सामने लाने के लिए शिकायतकर्ता ने व्हाटसएप चैट, कॉल रिकॉर्ड, यूपीआई ट्रांजेक्शन आईडी और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की तकनीकी जांच कराने की मांग की है। क्षेत्र में खाद्य विभाग की कार्य प्रणाली को लेकर पहले भी शिकायतें होने की चर्चाएं सामने आती रही हैं। बरमकेला क्षेत्र के एक उचित मूल्य दुकान संचालक ने नाम न छापने की शर्त पर दावा किया कि क्षेत्र के कुछ दुकानदार कथित वसूली को लेकर परेशान हैं। हालांकि, इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। ऐसे में प्रशासनिक जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि आरोप केवल व्यक्तिगत शिकायत तक सीमित हैं या इसके पीछे कोई व्यापक मामला है।
शा.राशन दुकान विक्रेता महिला ने खाद्य निरीक्षक विद्यानंद पटेल पर लगाए गंभीर आरोप
कलेक्टर से निष्पक्ष जांच की मांग



