रायगढ़। वैदिक इंटरनेशनल स्कूल में रक्षाबंधन सप्ताह हर्षोल्लास, देशभक्ति, सामाजिक सरोकार एवं मानवीय मूल्यों के साथ मनाया जा रहा है। विद्यालय द्वारा पूरे सप्ताह विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से विद्यार्थियों में सुरक्षा, सम्मान, सेवा, कृतज्ञता और भाईचारे की भावना को सुदृढ़ करने का प्रयास किया जा रहा है। इसी कड़ी के प्रथम चरण में विद्यालय के विद्यार्थियों ने एक विशेष सामाजिक एवं राष्ट्रप्रेम से प्रेरित पहल करते हुए डाकघर तथा जूट मिल थाना का भ्रमण किया। विद्यार्थियों ने डाकघर पहुँचकर जम्मू-कश्मीर एवं कोलकाता में सेवारत देश के वीर भारतीय सैनिकों के लिए राखियाँ भेजीं। राखियों के साथ विद्यार्थियों ने अपने हाथों से लिखे स्नेह-संदेश पत्र भी भेजे, जिनमें उन्होंने सैनिकों के प्रति अपना प्रेम, सम्मान, कृतज्ञता और शुभकामनाएँ व्यक्त कीं। इन संदेश-पत्रों के माध्यम से बच्चों ने वीर जवानों को यह भावनात्मक संदेश दिया कि वे भले ही अपने परिवारों से दूर रहकर देश की रक्षा कर रहे हों, लेकिन पूरा देश उन्हें अपने परिवार का सदस्य मानता है और उनके त्याग एवं समर्पण को हृदय से नमन करता है।
इस अवसर पर विद्यार्थियों ने पोस्टमास्टर एवं डाक विभाग के अधिकारियों-कर्मचारियों को भी राखी बाँधी तथा राखियों एवं स्नेह-संदेश पत्रों को वीर सैनिकों तक पहुँचाने में उनके सहयोग के लिए हृदय से धन्यवाद दिया। रक्षाबंधन सप्ताह की इसी श्रृंखला में विद्यार्थियों ने जूट मिल थाना का भ्रमण कर थाना प्रभारी श्री अभिनव कांत सिंह जी एवं समस्त पुलिसकर्मियों को राखी बाँधी। विद्यार्थियों ने समाज में शांति, सुरक्षा और कानून-व्यवस्था बनाए रखने में पुलिसकर्मियों की महत्वपूर्ण भूमिका के प्रति सम्मान व्यक्त किया तथा उनकी निस्वार्थ सेवाओं के लिए आभार जताया। इस आयोजन के माध्यम से विद्यार्थियों को यह संदेश दिया गया कि रक्षाबंधन केवल भाई-बहन के प्रेम का पर्व नहीं, बल्कि उन सभी व्यक्तियों के प्रति सम्मान, विश्वास और कृतज्ञता व्यक्त करने का अवसर है, जो हमारी सुरक्षा, समाज और राष्ट्र की सेवा में सदैव तत्पर रहते हैं। विद्यालय का उद्देश्य ऐसी गतिविधियों के माध्यम से विद्यार्थियों को पुस्तकीय ज्ञान के साथ-साथ देशभक्ति, सामाजिक उत्तरदायित्व, अनुशासन, संवेदनशीलता, सेवा-भाव और भारतीय संस्कारों से भी जोडऩा है।
प्रधानाचार्य श्री राजीव रंजन सिंह का संदेश
रक्षाबंधन केवल एक पवित्र धागे का पर्व नहीं है, बल्कि यह सुरक्षा, विश्वास, प्रेम, सम्मान और जिम्मेदारी के अटूट संबंध का प्रतीक है। हमारे विद्यार्थियों द्वारा वीर सैनिकों के लिए राखियों के साथ स्नेह-संदेश पत्र भेजना उनके मन में देश के रक्षकों के प्रति सम्मान और कृतज्ञता की सुंदर अभिव्यक्ति है। हमारे सैनिक देश की सीमाओं की रक्षा करते हैं, पुलिसकर्मी समाज की सुरक्षा में सदैव तत्पर रहते हैं और डाककर्मी देश के कोने-कोने को जोडऩे में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
उन्होंने आगे कहा, च्च्मैं जूट मिल थाना प्रभारी श्री अभिनव कांत सिंह जी एवं समस्त पुलिसकर्मियों के साथ-साथ पोस्टमास्टर एवं डाक विभाग के सभी अधिकारियों-कर्मचारियों का हृदय से आभार व्यक्त करता हूँ, जिन्होंने हमारे विद्यार्थियों का आत्मीयता से स्वागत किया और उन्हें सेवा, अनुशासन एवं राष्ट्र के प्रति कर्तव्य का प्रेरणादायी संदेश दिया। हमारे वीर सैनिकों को विद्यालय परिवार की ओर से सादर नमन एवं हार्दिक धन्यवाद, जिनके साहस, त्याग और समर्पण के कारण हम सभी सुरक्षित हैं।
विद्यालय परिवार ने विश्वास व्यक्त किया कि रक्षाबंधन सप्ताह के आगामी चरणों में भी विभिन्न सामाजिक एवं मूल्यपरक गतिविधियों के माध्यम से प्रेम, सम्मान, सेवा और भाईचारे का संदेश समाज तक पहुँचाया जाएगा। च्च्राखी का धागा जब स्नेह-संदेश के शब्दों से जुड़ता है, तो वह केवल एक पर्व नहीं रहता, बल्कि देश के वीर रक्षकों के प्रति पूरे राष्ट्र के प्रेम, सम्मान और कृतज्ञता का प्रतीक बन जाता है।



