जशपुरनगर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की पहल पर शुरू की गई मुख्यमंत्री ग्रामीण बस योजना जिले के दूरस्थ और पहाड़ी क्षेत्रों के ग्रामीणों के जीवन में सकारात्मक बदलाव ला रही है। यह योजना उन गांवों के लिए वरदान साबित हो रही है, जहां अब तक बस सेवा उपलब्ध नहीं थी। इस योजना से लाभान्वित सन्ना निवासी आंगनबाड़ी कार्यकर्ता श्रीमती सुनीता निकुंज बताती हैं कि पहले उन्हें आंगनबाड़ी केंद्र तक पहुंचने के लिए किसी से लिफ्ट लेनी पड़ती थी या फिर पैदल अथवा निजी वाहन से जाना पड़ता था। पहाड़ी क्षेत्र होने के कारण यह बेहद कठिन होता था, लेकिन मुख्यमंत्री ग्रामीण बस योजना शुरू होने से उनकी यह समस्या पूरी तरह दूर हो गई है। वे कहती हैं कि अब यह बस उनके लिए एक सुरक्षित और भरोसेमंद साधन बन गई है।
इसी तरह ग्राम मरंगी निवासी श्री दशरथ भगत बताते हैं कि पहले इस मार्ग पर बस नहीं चलती थी, जिससे उन्हें रोज़मर्रा के कामों के लिए पैदल ही आना-जाना करना पड़ता था। अब बस सेवा शुरू होने से वे आसानी से बगीचा पहुंच जाते हैं और समय पर वापस भी लौट आते हैं। वहीं श्री मंगलराम का कहना है कि पहले वे छिछली और चंपा जैसे बाजारों तक पैदल जाया करते थे, लेकिन अब बस सेवा से उन्हें काफी सुविधा हो गई है और पूरे क्षेत्र में खुशी का माहौल है। मुख्यमंत्री ग्रामीण बस योजना ने विशेष रूप से महिलाओं, वरिष्ठ नागरिकों और दिव्यांगजनों के लिए आवागमन को सरल बनाया है। पहले जहां निजी वाहनों या महंगे साधनों पर निर्भर रहना पड़ता था, अब नियमित बस सेवा से उन्हें बड़ी राहत मिली है।
जिले में 8 रूटों पर हो रहा है बस संचालन
ग्रामीणों की राह आसान बनाने के उद्देश्य से जिले में 8 रूटों पर मुख्यमंत्री ग्रामीण बस योजना का संचालन किया जा रहा है। इनमें सन्ना से चंपा, दोकड़ा से दुलदुला, रनपुर से कांसाबेल, तेलाईन से फरसाबहार, कैलाश गुफा से बगीचा, दुलदुला से अबिरा, कोतबा से बुलडेगा तथा जशपुर से हर्री रूट शामिल हैं। प्रत्येक बस अपने निर्धारित रूट पर प्रतिदिन चार बार आवागमन कर रही है, जिससे बड़ी संख्या में ग्रामीण नियमित रूप से इस सेवा का लाभ ले रहे हैं। इस योजना से न केवल यात्रा सुगम हुई है, बल्कि ग्रामीणों को स्वास्थ्य सेवाओं, शिक्षा संस्थानों, बाजारों और प्रशासनिक कार्यों के लिए जिला मुख्यालय तक पहुंचने में भी बड़ी सुविधा मिली है। जशपुर जैसे पहाड़ी और दूरस्थ क्षेत्रों में यह योजना विकास की नई राह खोल रही है। मुख्यमंत्री ग्रामीण बस योजना का मुख्य उद्देश्य ग्राम पंचायत से लेकर जिला मुख्यालय तक निर्बाध बस कनेक्टिविटी सुनिश्चित करना है, ताकि ग्रामीणों को स्वास्थ्य, शिक्षा, रोजगार और बाजार जैसी आवश्यक सेवाओं तक आसानी से पहुंच मिल सके। योजना की दीर्घकालिक सफलता सुनिश्चित करने के लिए सरकार द्वारा बस संचालकों को वायबिलिटी गैप फंडिंग प्रदान की जा रही है, जिससे वे आर्थिक रूप से सशक्त होकर दूरस्थ क्षेत्रों में निरंतर सेवा दे सकें। इससे स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजन को भी बढ़ावा मिल रहा है। योजना के अंतर्गत पात्र दिव्यांगजनों एवं वरिष्ठ नागरिकों को यात्रा में पूर्ण छूट दिए जाने का प्रावधान है, जो सामाजिक समावेशन और संवेदनशील शासन का सशक्त उदाहरण है। ग्रामीणों ने इस बस सेवा को क्षेत्र के समग्र विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताते हुए मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के प्रति आभार व्यक्त किया है।
अब दूरी नहीं रही है मजबूरी: मुख्यमंत्री
अब दूरी नहीं रही है मजबूरी: मुख्यमंत्री



