खरसिया। कैलाश शर्मा। दिन की शुरुआत होते ही जहां पारा आसमान छूने लगता है और तपत भरी कड़ी धूप में लोगों का घरों से निकलना मुहाल हो गया है, वहीं खरसिया नगर में ग्रीष्म ऋतु के प्रारंभ काल से ही सेवा और समर्पण की एक बेहद खूबसूरत तस्वीर सामने आ रही है। स्थानीय सामाजिक संस्था मारवाड़ी युवा मंच, खरसिया ने इस भीषण तपन में राहगीरों को बड़ी राहत देते हुए एक सराहनीय और अनूठी पहल की है। मंच के युवाओं द्वारा पूरे नगर में ‘चलित प्याऊ’ (मोबाइल वाटर सर्विस) का संचालन किया जा रहा है। ?इस अभियान के माध्यम से युवा न केवल लोगों की प्यास बुझा रहे हैं, बल्कि समाज को जागरूक करने के लिए जैसे जल है तो कल है, वैसे ही बेटी है तो कल है’ प्रेरणादायक नारों के साथ मानवीय मूल्यों का संदेश भी दे रहे हैं।
भीड़भाड़ वाले इलाकों और रेलवे क्रॉसिंग पर विशेष ध्यान
मारवाड़ी युवा मंच के सेवाभावी सदस्य नगर के उन हिस्सों पर विशेष रूप से ध्यान केंद्रित कर रहे हैं, जहां राहगीरों को सबसे ज्यादा दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। इसमें मुख्य रूप से नगर के प्रमुख व्यस्त बाजार और भीड़भाड़ वाले इलाके। हमेशा जाम की स्थिति से जूझने वाला रेलवे क्रॉसिंग, जहां कडक़ड़ाती धूप में लोगों को ट्रेनों के गुजरने का इंतजार करना पड़ता है। इन स्थानों पर मंच के युवा खुद मुस्तैद रहकर वहां से गुजरने वाले राहगीरों, रिक्शा चालकों, मजदूरों और आम जनता को रोक-रोककर ठंडा और शीतल जल के साथ-साथ तरबतर करने वाला शीतल शरबत पिला रहे हैं। कडक़ड़ाती धूप के बीच अचानक मिलने वाले इस ठंडे शरबत और युवाओं के सेवाभाव से लोगों के चेहरों पर सुकून साफ देखा जा सकता है।
प्रेरणादायक नारों से सामाजिक चेतना जगाने का प्रयास
मंच के युवाओं ने अपनी इस चलित प्याऊ को केवल पानी पिलाने का माध्यम नहीं बनाया, बल्कि इसे एक सामाजिक जागृति का मंच भी बना दिया है। प्याऊ के रथ पर लिखे प्रेरक नारे राहगीरों को अपनी ओर आकर्षित कर रहे हैं ‘युवा शक्ति’ राष्ट्र शक्ति एवं जैसे जल है तो कल है, वैसे ही बेटी है तो कल है! सनातन धर्म में भी माना जाता है कि प्यासे को पानी पिलाना सबसे बड़ा धरम, आओ मिलकर करें यह पावन करम!
जनसेवा का उत्कृष्ट उदाहरण खरसिया क्षेत्र में हो रही भूरी-भूरी प्रशंसा
मारवाड़ी युवा मंच, खरसिया का यह प्रयास समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी को निभाने का एक उत्कृष्ट और प्रामाणिक उदाहरण है। युवाओं की इस नि:स्वार्थ भावना और सक्रियता की पूरे खरसिया क्षेत्र में जमकर प्रशंसा हो रही है। स्थानीय नागरिकों और प्रबुद्ध जनों का कहना है कि मंच के युवा हमेशा ही जनसेवा के कार्यों में अग्रसर रहते हैं और इस बार की यह ‘चलित प्याऊ’ पहल सचमुच अनुकरणीय है।
‘नर सेवा ही नारायण सेवा है’ के मूल मंत्र को चरितार्थ करते हुए मारवाड़ी युवा मंच, खरसिया ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि यदि युवाओं में इच्छाशक्ति हो, तो वे समाज में सकारात्मक बदलाव और राहत का माध्यम बन सकते हैं। मंच के इस सेवा कार्य ने पूरे क्षेत्र में जनसेवा के ऊंचे और नए आदर्श स्थापित किए हैं।



