रायपुर। नगर निगम मानसून से पहले दो बड़े मोर्चों पर तैयारी में जुट गया है। एक ओर शहर में जल संरक्षण और जलभराव की समस्या से निपटने के लिए रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम लगाने की तैयारी की जा रही है। वहीं दूसरी ओर निगम ने राजस्व वसूली अभियान को तेज करते हुए सभी 10 जोनों को प्रतिदिन 1 करोड़ रुपए की वसूली का लक्ष्य दिया है। नगर निगम मुख्यालय महात्मा गांधी सदन में आयोजित साप्ताहिक टीएल बैठक में आयुक्त संबित मिश्रा ने अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।
आयुक्त ने सभी जोन कमिश्नरों को बड़े बकायादारों की सूची तैयार कर उन्हें नोटिस जारी करने और बकाया टैक्स वसूली के लिए नियमानुसार कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि निगम के सभी 10 जोनों को मिलाकर प्रतिदिन कम से कम 1 करोड़ रुपए राजस्व वसूली का लक्ष्य हासिल करना होगा। साथ ही नागरिकों को 30 जून 2026 तक वित्तीय वर्ष 2026-27 का संपत्तिकर जमा करने पर 6.25 प्रतिशत की छूट का लाभ देकर अधिक से अधिक कर संग्रह करने को कहा गया है। इस बैठक में मानसून तैयारियों की भी समीक्षा की गई। आयुक्त ने निर्देश दिए कि पहली बारिश से पहले शहर के अधिकतम क्षेत्रों में रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम स्थापित किए जाएं। विशेष रूप से उन स्थानों को प्राथमिकता देने को कहा गया, जहां हर साल जलभराव की समस्या सामने आती है। उनका मानना है कि वर्षा जल संचयन से भूजल स्तर में सुधार होगा और जल संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा। इसके अलावा निगम आयुक्त ने शहर में अवैध निर्माण के मामलों पर भी सख्त रुख अपनाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि, सभी जोन अपने-अपने क्षेत्रों में अवैध निर्माणों की पहचान कर नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित करें। निगम प्रशासन का लक्ष्य मानसून से पहले शहर को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के साथ-साथ राजस्व संग्रह और शहरी प्रबंधन को भी मजबूत करना है। इस बैठक में अपर आयुक्तों, मुख्य अभियंता, जोन कमिश्नरों और अन्य अधिकारियों ने भाग लिया।
जोन-कमिश्नरों को हर दिन 1 करोड़ की वसूली का टारगेट
बारिश से पहले रैन वाटर-हार्वेस्टिंग सिस्टम लगाएंगे निगम अधिकारी



