रायगढ़। नवतपा के चौथे दिन सुबह से ही सूर्यदेव आग उगलना शुरू कर दिए थे, इसके चलते जिले का अधिकतम तापमान 41 डिग्री तक पहुंच गया था, लेकिन हवा नहीं होने के कारण 45 डिग्री की तरह गर्मी व उसम के कारण दोपहर के बाद से सडक़ें विरान हो गई। वहीं शाम के प पांच बजते ही अचानक मौसम में बदलाव हुआ और तेज अंधड़ के साथ बारिश शुरू हो गई, जिससे जहां जगह-जगह शेड व फ्लेक्स उड़ गए तो वहीं बिजली व्यवस्था भी बदहाल हो गई थी, जिससे लोग गर्मी व उसम से बेहाल नजर आए।
उल्लेखनीय है कि जब से नवतपा की शुरूआत हुई है तब से मौसम में लगातार बदलाव देखने को मिल रहा है। ऐसे में जहां सुबह होते ही सूर्यदेव अपना रौद्र रूप दिखाना शुरू कर दे रहे हैं, इसके चलते जहां लू और उमस से लोग हलाकान नजर आते हैं, तो वहीं शाम के समय मौसम में बदलाव होने से हल्की राहत मिल रही है। ऐसे में गुरुवार को एक दिन में मौसम के दो रंग दिखने को मिला, जिससे पूरे दिन लोग तेज धूप व भीषण गर्मी के साथ उमस से बेहल नजर आए। इसके चलते दोपहर एक बजे के बाद शहर की सडक़ें पूरी तरह से सूनी हो गई थी। वहंी इक्का-दुक्का लोग इमरजेंसी में निकले भी ते तो कुछ ही देर बाहर रहने के बाद छांव की तलाश करते नजर आए, ऐसे में पूरे दिन रामनिवास टाकीज चौक में प्यांऊ के पास लोगों की भीड़ लगी रही। जहां लोग शीतल जल व शरबत का सेवन कर शरीर को राहत पहुंचाने का प्रयास करते नजर आए। इस दौरान जब लोगों से बात की गई थी उनका कहना था कि आज पहले की अपेक्षा अधिकतम तापमान कम है, लेकिन इसकी तपीश 45 डिग्री तापमान का अहसास करा रहा है, जो सेहत के लिए बेहद घातक हो सकता है। इससे लोग पूरी तरह से शरीर को ढकने के बाद ही घर से निकले हुए थे। साथ ही बीच में कभी पानी तो कभी ओआरएस का सेवन करते नजर आए। साथ ही लोगों का कहना था कि यह नवतपा का नौ दिन बेहद घातक होता है, ऐसे में अभी चार दिनों तक और इस भीषण गर्मी से बचना बेहद जरूरी है।
क्या कहता है मौसम विभाग
वहीं मौसम विभाग का कहना है कि एक ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण उत्तर झारखंड और उसके आसपास 0.9 किलोमीटर ऊंचाई तक बना हुआ है। साथ ही एक द्रोणिका उत्तर पश्चिम उत्तर प्रदेश से उत्तर तटीय आंध्र प्रदेश तक 1.5 कम ऊंचाई तक विस्तारित है। जिसके चलते 29 मई को जिले के कुछ स्थानों पर अंधड़ व गरज चमक के साथ छींटे पडऩे की संभावना है। वहीं मौसम विभाग के अनुसार अंधड़ शुरू होने से पहले लोगों को सुरक्षित स्थान पर चले जाना चाहिए, साथ ही इस दौरान किसी पेड़ व गिरने वाले सामान से दूरी बनाकर रखें, क्योंकि हवा की गति तेज होने से कभी अनहोनी हो सकती है। वहीं इन दिनों लगातार मौसम में बदलाव को देखते हुए मौसम विभाग का कहना है कि चक्रवात के चलते आंधी बारिश होने से शनिवार से अधिकतम तापमान में गिरावट आने की संभावना है। इससे जहां तेज धूप व लू से राहत मिलेगी तो वहीं गर्मी से भी काफी राहत मिल सकती है।
जगह-जगह गिरे फ्लेक्स व डंगाल
गुरुवार शाम को आई आंधी बारिश के चलते शहर सहित आसपास क्षेत्र में दर्जनों की संख्या में पेड़ व बिजली पोल टूट गए हैं, जिससे चलते मेन लाईन को बंद करना पड़ गया था। इस दौरान शहर में भी जगह समस्या आई है, जिसमें प्रमुख रूप से नगर निगम के सामने पेड़ गिरने से बिजली पोल टूट गया। वहीं पालिटेक्निक के सामने दो पेड़ खंभा में लपटा गया है। कलेक्टोरेट के सामने पेड़ गिरने से समस्या आई है। गोपी टाकीज के सामने 11 केवी तार में टीन का शेड फंस गया है। इसके साथ ही ढिमरापुर रोड में नाला किराने खंभा गिर, रामभाठा स्थित दूधाधारी मंदिर के पास पेड़ गिरने से पोल टूट गया। बापू नगर केजीएन के पास ट्रांसफर्मार क्षतिग्रस्त, गांजा चौक में 11 केवी पर टीन सेड फंस गया। बैकूंठपुर में जग्रन्नाथ मंदिर केपास मेन लाइन में आम पेड़ गिरा। इसके अलावा कई और स्थानों पर डंगाल व पेड़ गिरने से बिजली व्यवस्था पूरी तरह से प्रभावित रहा।
घंटों रही बिजली बंद
गुरुवार शाम को अचानक आई आंधी-बारिश के चलते शहर सहित जिले में बिजली व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा गई थी। जिससे बारिश बंद होते ही बिजली विभाग की टीम सुधार के लिए निकल गई थी, लेकिन जगह-जगह समस्या आने के कारण सुधार कार्य में काफी समय लग गया। इससे लोग काफी देर तक गर्मी व उमस से बेहाल नजर आए। वहीं उमस से बचने के लिए बारिश बंद होते ही शहरवासी पार्कों में पहुंच गए थे। इससे देर रात तक शहर के पार्क गुलजार नजर आया।
स्कॉर्पियो पर गिरा पेड़
रायगढ़ के भगवानपुर रोड पर तेज आंधी के कारण एक पेड़ स्कॉर्पियो के ऊपर गिर गया। गनीमत रही कि इस घटना में किसी को चोट नहीं आई। भारी मशक्त के बाद वाहन मालिक ने लोगों की मदद से पेड़ को काटकर वाहन से हटाया, बताया जाता है कि वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई है।
ग्रामीण क्षेत्रों में आई समस्या
तेज आंधी बारिश के चलते पूर्वांचल के सभी गांव में बिजली पोल टूटने व पेड़ गिरने की समस्या आई है। जिसमें महापल्ली नीचे बस्ती में तरंग राम विश्वाल का टीना छत उखड़ गया। इसके कारण बिजली पोल व तार टूट गया है। गायत्री मंदिर के पास भी पेड़ गिरने से बिजली पोल टूट गया है। मेहर मोहल्ला में पेड़ बिजली तार में गिर गया है। मिनी स्टेडियम के पास भी पेड़ गिरने से बिजली तार टूट गया है। साल्हेओना, वेलेरिया सहित अन्य गांव में भी इसी तरह की स्थिति बनी हुई है, जिसे सुधार कार्य शुरू किया गया है।



