रायगढ़। देश के प्रसिद्ध दादीधाम झुंझुनू के दो दिवसीय बसंतोत्सव में दादी समिति रायगढ़ शामिल हुई जानकारी देते हुए संस्था की सचिव श्वेता मोदी ने बताया की दादी समिति रायगढ़ के 17 सदस्यों का ग्रुप 41वें बसंतोत्सव झुंझुनू (राजस्थान) में शामिल हुआ। जिन्होंने पहले प्रसिद्ध पवित्र तीर्थ खाटूश्याम व सालासरबालाजी धाम के दर्शन किए। बसंतोत्सव के दो दिवसीय भव्य उत्सव में देश के कोने कोने से हजारों की संख्या में दादी भक्त श्रद्धालु झुंझुनू पहुंचे थे। दादी समिति रायगढ़ के इस बसंतोत्सव ग्रुप में सुभाष चिराग, कमल मित्तल, आनंद बेरीवाल, अशोकअग्रवाल मार्बल, गौरीशंकर नरेडी, घनश्यामगुप्ता, अमित मोदी, श्रीमती नीताअग्रवाल, संतोष चिराग, सुलोचना डिकोट ललिता अग्रवाल, अनीता नरेडी मीना बेरीवाल, रेखा गुप्ता, कांता गोयल, श्वेता मोदी,विनिता मित्तल भी शामिल थी।
बसंतोत्सव के प्रथम दिवस दादी जी की निकली आकर्षक रजत पालकी शोभायात्रा में दादी जी का निशान थामे गगनभेदी जयकारे के साथ रायगढ़ दादी समिति पूरी आस्था, श्रद्धा, उत्साह से पारंपरिक वेशभूषा में पूरे समय मौजूद रही। दोनों दिवस मंदिर की मंगला,सूर्योदय, शयनकाल आरती में पूजन अर्चन किया तथा मंदिर में आयोजित मंगलपाठ, भजन, दीपोत्सव, रंग़बिरंगी आतिशबाजी का प्रतिदिन आनंद लिया। प्रतिदिन दादी जी केआलौकिक श्रृंगार एवं भव्य सजे दरबार को श्रद्धालु दादी भक्त अपलक निहार कर आशीर्वाद कृपा बनाए रखने की हाथ जोड़ दुआ करते रहे।
मंदिर परिसर में देश के विभिन्न जगहों से आए देश के प्रसिद्ध गायकों ने मंदिर परिसर में समधुर भजनों की प्रस्तुति दी। प्रसिद्ध भजन, मंगल पाठ वाचिका मंजू शर्मा द्वारा मंगल पाठ के दौरान दादी भक्त झूमकर नाचे। बसंतोत्सव में कोने कोने से आई दादी समिति की भजन मंडली के साथ दादी समिति रायगढ़ ने भी श्रीमती अनीता नरेडी के साथ मिलकर एक से बढक़र एक दादी के मधुर भजन सुनाए ओर सभी सदस्यों ने मिलकर महारास भी किया जिसे वहा उपस्थित हजारों दादी भक्तों ने करतल ध्वनि के साथ खूब सराहा। सभी दादी भक्तों ने झुंझुनू की दो दिवसीय आध्यात्मिक धार्मिक यात्रा को अविस्मरणीय कहकर यहां आना अपना सौभाग्य बतलाया व बार बार दादी के दरबार में आकर माथा टेकने की इच्छा बतलाई। बसंतोत्सव के समापन दिवस पर श्री राणी सती जी मंदिर,बोर्ड ऑफ ट्रस्टीज,द्वारा श्री रानी सती दादी सेवा समिति रायगढ़ को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित भी किया गया।
झुंझुनू के बसंतोत्सव में शामिल हुई दादी समिति
खाटू श्याम, सालासर बालाजी धाम का भी किए दर्शन



