खरसिया। कैलाश शर्मा। नव निर्मित तहसील भवन में अधिवक्ताओं और पक्षकारों को आ रही विभिन्न व्यावहारिक और प्रशासनिक समस्याओं को लेकर अधिवक्ता संघ खरसिया ने मोर्चा खोल दिया है। संघ ने अनुविभागीय अधिकारी राजस्व (एसडीएम) को ज्ञापन सौंपकर भवन की अव्यवस्थाओं को तत्काल दुरुस्त करने और न्यायिक कार्यों को सुचारु बनाने की मांग की है। ?अधिवक्ता संघ द्वारा सौंपे गए ज्ञापन के संबंध में अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष भोगीलाल भोगी लाल यादव ने बताया कि एसडीएम महोदय को ज्ञापन देते हुए हमारे द्वारा निम्नलिखित प्रमुख बिंदु और मांगें उठाई गई हैं बैठक व्यवस्था में सुधार तहसील कार्यालय के साथ-साथ एसडीएम, तहसीलदार और नायब तहसीलदार के न्यायालय परिसरों में अधिवक्ताओं और पक्षकारों के बैठने के लिए समुचित व्यवस्था की जाए। साथ ही स्टाम्प वेंडरों और दस्तावेज लेखकों के लिए अलग से स्थान निर्धारित किया जाए। अदालती प्रक्रिया एवं कॉज लिस्ट – तहसीलदार न्यायालय में दैनिक मुकदमों की कॉज लिस्ट (कारण सूची) प्रतिदिन चस्पा की जाए। नए प्रकरणों का पंजीयन तत्काल हो और आदेश-पत्र में आवेदन दिनांक को ही पेशी न मिलने की समस्या का समाधान निकाला जाए। भीड़ नियंत्रण – न्यायालयों में अनुशासन बनाए रखने के लिए पक्षकारों को पुकार (आवाज) लगने पर ही प्रवेश दिया जाए, ताकि अनावश्यक भीड़ और व्यवधान पर रोक लग सके।
नकल शाखा व रिकॉर्ड का समय पर स्थानांतरण
प्रकरणों की नकल (प्रतिलिपि) समय पर न मिलने से हो रही परेशानी को दूर किया जाए। संबंधित लिपिक समय पर फाइल प्रतिलिपि शाखा भेजें और रिकॉर्ड की उपलब्धता सुनिश्चित करें।
पटवारी प्रतिवेदन में समय-सीमा
विभिन्न राजस्व प्रकरणों में हल्का पटवारियों से मांगे जाने वाले अभिमत और प्रतिवेदन समय-सीमा के भीतर मंगाए जाएं। अधिवक्ता संघ ने स्पष्ट किया कि इन अव्यवस्थाओं के कारण दैनिक न्यायिक व राजस्व कार्यों में भारी विलंब हो रहा है, जिससे अधिवक्ताओं के साथ-साथ दूर-दराज से आने वाले पक्षकारों को परेशानी झेलनी पड़ रही है। संघ ने प्रशासन से इन मांगों पर त्वरित कार्रवाई की अपेक्षा जताई है।



