जशपुरनगर। जिले के धान खरीदी केंद्र में खरीफ विपणन साल 2024-25 के दौरान बड़ी अनियमितता सामने आई है। जहां करीब 6 करोड़ 55 लाख रुपए की आर्थिक गड़बड़ी पाई गई है। जब अपेक्स बैंक के नोडल अधिकारी ने मौके का निरीक्षण किया तो मामले का खुलासा हुआ।
मामला आदिम जाति सेवा सहकारी समिति मर्यादित कोनपारा (पंजीयन क्रमांक 128) के अंदर संचालित धान खरीदी उपकेंद्र का है। यहां पदस्थ अधिकारियों और कर्मचारियों ने धान खरीदी के रिकॉर्ड में हेराफेरी की है। शुरुआती जांच और संयुक्त जांच दल की ओर से किए गए भौतिक सत्यापन में 20,586.88 क्विंटल धान कम पाया गया। नोडल अधिकारी की रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने केस दर्ज कर एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। मामला तुमला थाना क्षेत्र का है।
मिली जानकारी के मुताबिक 2 जनवरी को छत्तीसगढ़ राज्य सहकारी बैंक मर्यादित (अपेक्स बैंक) जशपुर के नोडल अधिकारी राम कुमार यादव (61) ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। रिपोर्ट के अनुसार धान खरीदी उपकेंद्र कोनपारा में पदस्थ अधिकारियों और कर्मचारियों ने मिलीभगत कर धान खरीदी में बड़े पैमाने पर हेराफेरी की।
मामले की जांच की गई तो सामने आया कि खरीफ वर्ष 2024-25 में कंप्यूटर रिकॉर्ड के अनुसार केंद्र में कुल 1,61,250 क्विंटल धान की खरीदी दर्शाई गई थी। जबकि मिलों और संग्रहण केंद्रों को केवल 1,40,663.12 क्विंटल धान ही भेजा गया। इस तरह कुल 20,586.88 क्विंटल धान की कमी पाई गई।
गायब धान की कीमत 3,100 रुपए प्रति क्विंटल के हिसाब से 6 करोड़ 38 लाख 19 हजार 328 रुपए आंकी गई है। इसके अलावा धान की पैकिंग में उपयोग किए गए 4,898 नग बारदाने (नए-पुराने) की कीमत 17 लाख 7 हजार 651 रुपए बताई गई है। इस प्रकार शासन को कुल 6 करोड़ 55 लाख 26 हजार 979 रुपए के आर्थिक नुकसान का अनुमान है।
अपेक्स बैंक जशपुर के नोडल अधिकारी राम कुमार यादव (61) की रिपोर्ट पर समिति स्तर पर पदस्थ 6 अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ बीएनएस की धारा 318(4), 320, 336, 338 और 61 के तहत केस दर्ज किया गया है। प्राधिकृत अधिकारी (खरीदी केंद्र) भुनेश्वर यादव, समिति प्रबंधक जयप्रकाश साहू, फड़ प्रभारी शिशुपाल यादव, कंप्यूटर ऑपरेटर जितेंद्र साय, सहायक फड़ प्रभारी अविनाश अवस्थी और उप सहायक फड़ प्रभारी चंद्र कुमार यादव के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।
एक गिरफ्तार, बाकी फरार
एसएसपी शशि मोहन सिंह ने बताया कि पुलिस ने फड़ प्रभारी शिशुपाल यादव (39), निवासी ग्राम झारमुंडा को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया। जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। अन्य आरोपी फिलहाल फरार हैं, जिनकी तलाश जारी है। जांच के दौरान यदि और तथ्य या संलिप्तता सामने आती है तो और भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
धान खरीदी केंद्र में 6.55 करोड़ का घोटाला
20,586 क्विंटल धान गायब किया, रिकॉर्ड में की हेराफेरी, 6 पर एफआईआर, फड़ प्रभारी गिरफ्तार



