जशपुरनगर। गौ तस्करी के खिलाफ जशपुर पुलिस का ऑपरेशन शंखनाद, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जशपुर श्री शशि मोहन सिंह के नेतृत्व व दिशानिर्देश में लगातार जारी है, ऑपरेशन शंखनाद के तहत जशपुर के द्वारा गौ तस्करों के विरुद्ध कार्यवाही करते हुए 1100 से अधिक गौ वंशों को तस्करों के चंगुल से मुक्त कराया जा चुका है, साथ ही तस्करी में संलिप्त 128 लोगों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा जा चुका है। इसी क्रम में जशपुर पुलिस को फिर 37 नग गौ वंशों को तस्करों से मुक्त कराने में सफलता मिली है व एक गौ तस्कर को गिरफ्तार भी किया गया है।
थाना सिटी कोतवाली क्षेत्रांतर्गत मामले का संक्षिप्त विवरण इस प्रकार है कि दिनांक 30.06.25 को थाना सिटी कोतवाली जशपुर पुलिस को मुखबीर से पुख्ता सूचना मिली थी कि कुछ व्यक्ति भारी मात्रा में गौ वंशों को किनकेल, हाथीसार जंगल के रास्ते, झारखंड की ओर ले जा रहे हैं,जिस पर सिटी कोतवाली पुलिस के द्वारा मुखबिर की सूचना के संबंध में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जशपुर श्री शशि मोहन सिंह को अवगत कराते हुए, उनके दिशा निर्देश पर पुलिस टीम के साथ मुखबिर के बताए स्थान किनकेल,हाथीसार के जंगल में जाकर देखा तो पाया कि कुछ व्यक्ति 21नग गौ वंशों को बेरहमी पूर्वक मारते पीटते हुए हांक कर ले जा रहे हैं, जिस पर पुलिस के द्वारा आरोपियों को पकडऩे हेतु घेराबंदी की गई, पुलिस को देखकर आरोपी तस्कर जंगल का फायदा उठा कर फरार हो गए, पुलिस के द्वारा आरोपी तस्करों को चिन्हित कर लिया गया है, जिन्हें शीघ्र ही गिरफ्तार कर लिया जावेगा। पुलिस के द्वारा मौके से सभी 21 नग गौ वंशों को सकुशल बरामद कर लिया गया है व साथ ही पशु चिकित्सक से गौ वंशों का उपचार भी कराया गया है।
पुलिस के द्वारा आरोपियों के विरुद्ध थाना सिटी कोतवाली जशपुर में छ ग कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम 2004 की धारा 4,6,10 व पशु क्रूरता निवारण अधिनियम 1960 की धारा 11(1)(क)(घ), के तहत अपराध पंजीबद्ध कर जांच विवेचना में लिया गया है। मामले की कार्यवाही व गौ वंशों की बरामदगी में थाना प्रभारी सिटी कोतवाली जशपुर निरीक्षक आशीष कुमार तिवारी, सहायक उप निरीक्षक श्री दिलबंधन राम, आरक्षक विनोद तिर्की व रामप्रसाद यादव की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। चौकी मनोरा क्षेत्रांतर्गत मामले का संक्षिप्त विवरण इस प्रकार है कि दिनांक 02.07.25 की प्रात: 4.00 बजे के लगभग, मनोरा पुलिस को मुखबीर से सूचना मिली थी, कि कुछ व्यक्ति ग्राम बोरोकोना जंगल के रास्ते, 15 से 16 नग गौ वंशों को पैदल हांकते हुए, बेरहमी पूर्वक मारते पीटते हुए तेजी से, ग्राम पोड़ी पटकोना,खरवाटोली की ओर से होते हुए,गोविंदपुर (झारखंड) की ओर ले जा रहे हैं, जिस पर चौकी मनोरा पुलिस के द्वारा मुखबिर की सूचना के संबंध में वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को अवगत कराते हुए, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जशपुर श्री शशि मोहन सिंह के दिशा निर्देश पर, पुलिस टीम के साथ, ग्राम खरवाटोली के जंगल में जाकर घेराबंदी की गई, पुलिस के द्वारा मौके से गौ वंशों को हांकने वाले आरोपी गाजि़ंदर लोहारा को हिरासत में लिया गया, व उसके कब्जे से 16 नग गौ वंशों को सकुशल बरामद किया गया।
पुलिस की पूछताछ पर आरोपी गाजिंदर लोहरा ने बताया कि उक्त गौ वंश का मालिक क ग्राम लोधमा निवासी अफसर खान है, जिसके कहने पर वह गौ वंशों को लेकर गोविन्दपुर (झारखंड) जा रहा था। जिसके सम्बन्ध में पुलिस की जांच जारी है। मामले से संबंधित अन्य आरोपियों को भी शीघ्र ही गिरफ्तार कर लिया जावेगा। आरोपी गाजिंदर लोहरा के द्वारा अपराध स्वीकार करने व प्रयाप्त अपराध सबूत पाए जाने पर, चौकी मनोरा में छ ग कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम 2004 की धारा 4, 6,10 व पशु क्रुरता निवारण अधिनियम 1960 की धारा 11 (1) (क) (घ), के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया है। मामले की कार्यवाही व आरोपी की गिरफ्तारी तथा गौवंशों की सकुशल बरामदगी में चौकी प्रभारी मनोरा उप निरीक्षक दिनेश पुरैना, प्रधान आरक्षक प्रीतम टोप्पो आरक्षक जगजीवन यादव, व भीखराम की सराहनीय भूमिका रही है। मामले में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जशपुर श्री शशि मोहन सिंह ने बताया कि ऑपरेशन शंखनाद के तहत पुलिस ने 37 नग गौ वंशों को तस्करों के चंगुल से मुक्त कराया है, एक आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया ऑपरेशन शंखनाद जारी रहेगा।
फिर 37 नग गौ वंशों को तस्करों के चंगुल से छुड़ाया
पुलिस को मिली बड़ी कामयाबी, एक आरोपी गिरफ्तार, अब तक 11 सौ से अधिक गौ वंशों को तस्करों से मुक्त करा चुकी पुलिस
